वहीं, चुनाव आयोग को राज्य में पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव में 10 से ज्यादा उम्मीवारों के लिए नए सिरे से छह लाख मतपत्र छपाने पड़े हैं। राज्य चुनाव आयोग ने पहले चरण में पौने तीन करोड़ मतपत्र प्रकाशित किए थे। राज्य में पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव लड़ने वाले प्रत्याशियों की संख्या ज्यादा होने के कारण नए सिरे से मतपत्र छपवाने पड़े हैं।
चुनाव आयोग ने पंचायतीराज संस्थाओं के चुनाव लड़ने वाले दस-दस प्रत्याशियों के लिए पौने तीन करोड़ मतपत्र प्रकाशित किए थे। ये मतपत्र छह रंगों में प्रकाशित किए थे। राज्य चुनाव आयोग के चुनाव अधिकारी संजीव महाजन ने कहा कि कई पदों के लिए 16 तक प्रत्याशी चुनाव लड़ रहे हैं। जिला शिमला, कांगड़ा और मंडी के लिए छह लाख और मतपत्र छापने पड़े हैं।