पंचायतीराज चुनाव के लिए हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर जिले के घुमारवीं बीडीओ कार्यालय के प्रांगण में तृतीय चरण के बैलेट पेपर पर उम्मीदवारों के नाम अंकित करने के दौरान मंगलवार को कर्मचारियों ने हंगामा कर दिया। प्रशासन के अनुसार कुछ उम्मीदवारों के नाम बैलेट पेपर पर गलत लिखने के कारण हंगामा हुआ है। वहीं कर्मियों का कहना है कि हंगामे का कारण ड्यूटी के दौरान खाने-पीने की कोई व्यवस्था न होना था।
मंगलवार सुबह करीब 12 बजे घुमारवीं बीडीओ ब्लॉक में बैलेट पेपर लिख रहे कर्मचारियों ने प्रशासन और ब्लॉक अधिकारी के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। पहले तो इसका कारण पता नहीं लगा। कर्मचारियों के मुताबिक वे चुनावी ड्यूटी पूरी करने सुबह सात बजे घर से निकलते हैं। लेकिन शाम छह बजे तक बैलेट पेपर लिखने के दौरान उन्हें खाने के नाम पर ठंडी चाय और ब्रेड पकौड़ा दिया जाता है। जबकि ड्यूटी पर तैनात कर्मियों के लिए लंच की व्यवस्था होती है। लेकिन ऐसी कोई सुविधा उन्हें नहीं दी जा रही है। वहीं दूसरी ओर प्रशासन का कहना है कि बैलेट पेपर पर कुछ कर्मचारियों ने उम्मीदवारों के गलत नाम अंकित किए थे। उन्हें उनकी गलती बताई गई और उसे सुधारकर संजीदगी के साथ कार्य करने के लिए कहा गया। इसी बात को लेकर कर्मचारियों की टीम ने हंगामा कर दिया।
बीडीओ कार्यालय से संबंधित अधिकारी ने बताया कि कर्मचारियों की एक टीम ने गलत नाम लिख देने के कारण 300 बैलेट पेपर फाड़ दिए। कर्मचारी हर रोज समय पर ड्यूटी पर नहीं आते थे और इनकी हाजिरी मंगलवार को चार बजे लगाई गई है। इससे भी ये खफा थे। उपायुक्त की ओर से जारी दिशानिर्देश के अनुसार ये कर्मचारी कार्य नहीं कर रहे थे। तृतीय चरण के बैलेट पेपर पर नाम अंकित करने के लिए सात कर्मचारी मौजूद थे। 20 पंचायतों के उम्मीदवारों के नाम अंकित करने का कार्य किया जा रहा था। वहीं एसडीएम घुमारवीं ने मौके पर पहुंचकर मामला शांत करवाया।
राज्य चुनाव आयोग द्वारा कर्मचारियों के खाने का जो प्रावधान करवाया जा रहा है, उसी के अनुसार चुनावों में सेवाएं दे रहे कर्मचारियों को सुविधाएं दी जा रही हैं। फिर भी कोई कमी रही होगी तो उसका समाधान करने की कोशिश की जाएगी।
शशिपाल शर्मा, एसडीएम, घुमारवीं