हिमाचल में पंचायत और शहरी निकायों के चुनाव में मतदान के दौरान बैलेट पेपर पर वोट देने से पहले मुहर और नगर निकायों में ईवीएम सैनिटाइज की जाएंगी। इसके बाद ही वोटरों को मतदान करने दिया जाएगा। राज्य चुनाव आयोग पंचायतीराज संस्थाओं के चुनाव कोरोना काल में करवा रहा है। इसे देखते हुए आयोग कोई जोखिम नहीं लेना चाहता।
आयोग के सामने कोरोना संक्रमण से बचाव की सबसे बड़ी चुनौती है। कोरोना संक्रमण को देखते हुए आयोग चुनाव कराने से पहले हर कदम सोच-समझकर उठाना चाहता है, जिससे मतदान के दौरान किसी भी प्रकार की परेशानी से बचा सके। पंचायतीराज संस्थाओं के चुनाव में इस बार 54 लाख से अधिक वोटर मताधिकार का प्रयोग करेंगे।
चुनाव के अधिकारियों के अनुसार मतदान से पहले मतदान केंद्रों को सैनिटाइज किया जाएगा। मतदान करने वाले फेस मास्क पहने मतदाताओं को एंट्री दी जाएगी। उनके हाथ भी सैनिटाइज करवाए जाएंगे। थर्मल स्क्रीनिंग से मतदाताओं का तापमान जांचने के बाद ही उन्हें मतदान करने के लिए भेजा जाएगा।
मतदान करने के लिए इस्तेमाल होने वाली मुहर पहले सैनिटाइज की जाएगी, उसके बाद ही मतदाता मतपत्र पर मुहर लगाकर इसे मतपेटी में डालेगा। मतगणना के दौरान भी सतर्कता बरती जाएगी।
बताते हैं कि होम आइसोलेट कोरोना संक्रमित वोटरों को शाम चार बजे के बाद एक घंटे तक वोट देने की अनुमति होगी। ऐसे वोटरों को भी मास्क पहनकर आना होगा और दस्ताने मतदान केंद्र में दिए जाएंगे। पीपीई किट पहने स्वास्थ्य कर्मी ऐसे वोटरों को मतदान केंद्र में लेकर जाएंगे और फिर मतदान कर सकेंगे।