पदमावती फिल्म के विरोध की आग प्रदेश में भी पहुंच गई है। प्रदेश का राजपूत समुदाय भी फिल्म के रिलीज के विरोध में खड़ा हो गया है। राजपूत सभा के प्रधान और प्रदेश राजपूत कल्याण बोर्ड के सदस्य केएस जम्वाल ने पद्मावती फिल्म को लेकर राजस्थान की कर्णी सेना व संघर्षरत राजपूत क्षत्रिय संगठनों के
विरोध को समर्थन देने की घोषणा की है। उन्होंने कहा कि नवंबर माह के अंत में सुंदरनगर में प्रदेश राजपूत सभा की एक विशेष बैठक बुलाई जा रही है, जिसमें इस मुद्दे को लेकर संघर्ष की आगामी रुपरेखा तैयार की जाएगी। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश में इस फिल्म को रिलीज नहीं करने दिया जाएगा। जो भी
सिनेमा फिल्म रिलीज करने की कोशिश करेगा उसे प्रदेश के राजपूत समुदाय के विरोध का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि देश के राजपूतों का अपना एक गौरवमयी इतिहास है जिसके साथ किसी भी तरह के खिलवाड़ को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने मांग की है केंद्र सरकार और प्रदेश सरकार इस
मामले में संज्ञान लेते हुए राजपूत समुदाय की भावनाओं की कद्र करते हुए इस फिल्म के प्रसारण पर पूरी तरह से रोक लगाये अन्यथा इसके विरोध में होने वाले आंदोलन के लिए सरकार ही जि मेवार होगी।