स्थायी कुलपति तैनात करने की उठाई मांग
सरकार नशे के कारोबार पर अंकुश लगाने में नाकाम : अंकुश
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने बुधवार को उपायुक्त कार्यालय के बाहर प्रदेश के विश्वविद्यालयों में बढ़ रहे राजनीतिक हस्तक्षेप और सरकार की शिक्षा नीतियों के विरोध में प्रदर्शन किया।
महानगर मंत्री अंकुश की अगुवाई में हुए इस प्रदर्शन में कार्यकर्ताओं ने सरकार की नीतियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। महानगर मंत्री अंकुश ने कहा कि प्रदेश में सत्तासीन हुई कांग्रेस सरकार लगातार हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय को नजरअंदाज कर रही है। सरकार सत्ता संभालने के दो साल बाद भी विवि को स्थायी कुलपति नहीं दे पाई है। विवि का स्थायी मुखिया न होने के कारण विवि की विकासात्मक गतिविधियां बंद पड़ी हैं। छात्रों को परीक्षा परिणाम को लेकर पेश आ रही समस्याओं का समाधान नहीं हो पा रहा है। सरकार छात्रों के आक्रोश को भांपते हुए प्रत्यक्ष छात्र संघ चुनाव बहाल करने से कतरा रही है।
चुनाव बहाल करने की मांग को नजरअंदाज किया है। कृषि विवि पालपुर की 120 हेक्टेयर भूमि को टूरिज्म विलेज के नाम पर हड़पने की कोशिश की जा रही है। सरकार लगातार छात्र और शिक्षा विरोधी फैसले ले रही है, इसका एबीवीपी विरोध करती है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार नशे के कारोबार पर अंकुश लगाने में पूरी तरह नाकाम साबित हुई है। अंकुश ने कहा कि एबीवीपी लगातार सरकार से इन समस्याओं के समाधान और मांगों को पूरा करने का आग्रह करती आई है लेकिन इस दिशा में कोई कदम नहीं उठाए हैं। सांकेतिक भूख हड़ताल, हस्ताक्षर अभियान चलाकर छात्रों ने इन मुद्दों को लेकर समर्थन जुटाया है। उन्होंने प्रदेश सरकार से मांग की कि सरकार छात्र हितों को ध्यान में रखकर फैसले लें।