कार्यशाला में मौजूद शिक्षक
- फोटो : अमर उजाला
इसके लिए 1800 से लेकर 2300 रुपये इन शिक्षकाें को दिए जाएंगे। पहले 1200 से 1500 रुपये दिए जाते थे। अब स्कूल प्रिंसिपल पेपर हॉल में निरीक्षक के तौर पर नहीं जा सकेंगे। बोर्ड परीक्षाओं में छात्रों का सही आकलन करने के लिए यह बदलाव किया है।
बोर्ड अध्यक्ष ने बताया कि कोई भी सवाल आउट आफ सिलेबस नहीं आएगा। सबसे पहले प्रश्न बैंक तैयार किया जाएगा। उसके बाद पेपर सेटिंग होगी। बोर्ड का दावा है कि औसत दर्जे के छात्रों के लिए यह बदलाव अच्छे परिणाम लेकर आएगा।
बोर्ड ने गुरुवार को लालपानी स्कूल में राज्य मुक्त विद्यालय (एसओएस) की कार्यशाला आयोजित की। बोर्ड अध्यक्ष ने बताया कि एसओएस के सरकारी स्कूलों में 230 और निजी स्कूलों में 35 स्टडी सेंटर चलाए जा रहे हैं।
कार्यशाला में स्टडी सेंटर की समस्याओं, आईटी व शिक्षकों की आवश्यकता के बारे में चर्चा की गई। कार्यशाला में जिला सोलन, सिरमौर, शिमला और किन्नौर के एसओएस स्टडी सेंटर के समन्वयक व प्रधानाचार्य शामिल हुए।
बोर्ड अध्यक्ष ने बताया कि स्कूलों में जल शक्ति अभियान चलाया जाएगा। इसमें विद्यार्थियों को जल संरक्षण के तरीके बताए जाएंगे। अभियान के तहत करीब 1 करोड़ से स्कूलों में दस फीट तक के टैंकों को निर्माण होगा।