ब्लास्टर और सिविल मैनेजर तथा काम पर लगी मशीन चट्टान की चपेट में आ गए। मशीन के ऑपरेटर ने तो खिड़की से छलांग लगाकर जान बचा ली, लेकिन दो लोग चट्टान की जद में आ गए।
हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग और मजदूर घटनास्थल की ओर भागे। आननफानन में चट्टान और मलबा हटाया गया, लेकिन तब तक ब्लास्टर की जान जा चुकी थी।
उधर, डीएसपी भावानगर मनोज जोशी ने बताया कि घटना के समय परियोजना के सिविल मैनेजर नितिन बिष्ट और ब्लास्टर भूपेंद्र तोमर सहित ऑपरेटर पवन कुमार ही कार्यस्थल पर मौजूद थे।
हादसे में ब्लास्टर भूपेंद्र ने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया, जबकि सिविल मैनेजर नितिन बिष्ट गंभीर रूप से घायल हैं। मशीन ऑपरेटर पवन कुमार को मामूली चोटें आई हैं। मशीन से खुदाई के दौरान भूस्खलन होने पर सिविल मैनेजर ने सीटी बजाकर ऑपरेटर को आगाह कर दिया था।
खतरे का इशारा मिलते ही ऑपरेटर ने मशीन से छलांग लगाकर जान बचा ली, लेकिन सीटी बजाने वाले सिविल मैनेजर खुद मलबे की चपेट में आ गए। चट्टान के साथ आए मलबे में दबने से मशीन को भी भारी नुकसान हुआ है।