इससे पहले की वह कपड़ों से आग को बुझा पाता दूसरी तरफ से भी हवा चल पड़ी। जिससे वह पूरी तरह आग की लपटों में घिर गया। हालांकि उसने खुद को बचाने के लिए काफी जद्दोजहद की, लेकिन आसपास कोई भी घर न होने से समय पर उसे मदद नहीं मिल पाई।
जब तक ग्रामीण आग पर काबू पाकर होशियार सिंह तक पहुंचते तब तक काफी देर हो गई थी। होशियार सिंह बुरी तरह से झुलस गया था। गंभीर हालत में उसे झंडूता स्वास्थ्य केंद्र में उपचार के लिए ले जाया गया। जहां जिन्दगी और मौत से जुझते हुए उसकी मौत हो गई।
वहीं, उप-तहसील कलोल के नायब तहसीलदार रमेश धीमान ने बताया कि घटना का पता चला है, जोकि बेहद दुर्भाग्यपुर्ण है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। छानबीन में जो सामने आएगा उसके तहत पीड़ित परिवार को आर्थिक मदद की जाएगी।
एसपी बिलासपुर अशोक कुमार ने बताया कि शाहतलाई में आग लगाते समय एक बुजुर्ग जिंदा जला है। तलाई पुलिस ने रमामला दर्ज कर लिया है। शव को पोस्मार्टम के लिए भेज दिया गया है।