उन्होंने संस्था के अध्यक्ष को चुनौती देते हुए कहा है कि अगर यह राष्ट्रीय संस्था है तो इसका पंजीकरण प्रमाण पत्र व बैलेंस शीट सार्वजनिक करें, अन्यथा लोगों को गुमराह न करें। उन्होंने प्रदेश सरकार से भी मांग की है कि उक्त संस्था के दस्तावेजों की जांच की जाए। संस्था के नाम से नहीं, बल्कि आजाद उम्मीदवार के तहत चुनाव जीतकर दिखाएं। संस्था के कार्यक्रम में भीड़ जुटाने के मकसद से बड़े नेताओं के आने की झूठी खबरें फैलाई जा रही हैं।
विधायक राजेंद्र राणा ने कहा कि वह संस्था मेें रहकर 17 वर्षों से गरीबों और बेसहारा लोगों की सेवा कर रहे हैं। संस्था के जरिये जरूरतमंदों की सेवा करना कोई गुनाह नहीं। अब भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर भी संस्था के जरिये क्षेत्र में मेडिकल कैंप लगा रहे हैं। वह कांग्रेस के अनुशासित सिपाही हैं और उन्हें ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष के बयान पर कोई टिप्पणी नहीं करनी है।