प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में दिल्ली में आयोजित नीति आयोग की पहली गवर्निंग काउंसिल की बैठक में मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने जोरदार तरीके से हिमाचल और पहाड़ी राज्यों का पक्ष रखा। उन्होंने नीति आयोग के गठन के बावजूद विशेष श्रेणी राज्य का दर्जा बरकरार रखने की पैरवी की। साथ ही कहा कि नीति आयोग में पहाड़ी राज्यों के लिए अलग से हिल डिवीजन का गठन किया जाना चाहिए, जिससे पहाड़ी राज्यों की पीड़ा और मसलों को राष्ट्रीय स्तर पर समझने में आसानी हो सके।
आयोग की कार्यकारिणी में राज्यों को रोटेशन के आधार प्रतिनिधित्व देने की मांग भी उठाई। मुख्यमंत्री ने कहा कि पर्वतीय राज्यों के लिए स्थायी क्षेत्रीय परिषद और अलग से हिल डिवीजन सृजित किया जाए। जनता की अपेक्षाओं को पूरा करने के लिए इन राज्यों का विशेष श्रेणी का दर्जा बनाया रखा जाए।