प्रदेश में अब 108 की तर्ज पर पशुओं को घर द्वार उपचार मिलेगा। इसके लिए राष्ट्रीय विज्ञान कृषि योजना में मंडी जिला ने पहल करते हुए 108 की तर्ज पर मोबाइल उपकरण वाहन चलाने की योजना बनाई है। मोबाइल वाहन आधुनिक सुविधाओं से लैस होगा। विभाग पहली बार पशुपालकों की सुविधा के लिए प्रपोजल तैयार कर रहा है।
इसे स्वीकृति के लिए निदेशालय के माध्यम से केंद्र सरकार को भेजा जाएगा। बीमार पशुओं को इलाज के लिए कई किलोमीटर पैदल लाना पशुपालकों को काफी मुश्किल होता है। विभाग की इस पहल से दूरदराज के क्षेत्रों में पशुपालकों को घर द्वार पर पशुओं के उपचार की सुविधा मिलेगा।
मोबाइल उपकरण वाहन में विशेषज्ञ मौके पर ही पशु का इलाज करेगा। वाहन 108 एंबुलेंस की तर्ज पर होगा। वाहन में लैब संबंधी आधुनिक उपकरण भी रखे जाने की योजना है। ताकि मौके पर खून जांच सहित अन्य टेस्ट किए जा सके। इस योजना से प्रदेश के लाखों पशुपालकों को लाभ मिलेगा। हरी झंडी मिलने पर मंडी जिला हर खंड में एक मोबाइल उपकरण वाहन तैनात होगा।
फैली बीमारी की रोकथाम के लिए होगा वरदान
पशुओं में संक्रमित तथा अन्य रोग फैलाने की सूरत पर मोबाइल उपकरण वाहन वरदान सिद्ध होगा। विशेषज्ञों की टीम सभी प्रकार के टेस्ट तथा औपचारिकताएं मौके पर ही पूरी कर लेंगे और उसी के मुताबिक उपचार भी देंगे।
जिला में मोबाइल उपकरण वाहन चलाने के लिए प्रोजेक्ट बनाया जा रहा है। इसे निदेशालय के माध्यम से केंद्र सरकार के समक्ष रखा जाएगा। यदि प्रोजेक्ट स्वीकृत हो जाता है तो 108 की तर्ज पर पशुओं के लिए विशेष वाहन चलाया जाएगा।
-डॉ. केके शर्मा, उपनिदेशक पशु पालन विभाग मंडी