धर्मशाला से भाजपा विधायक सुधीर शर्मा ने पुलिस विभाग के शीर्ष अधिकारियों के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया को विशेषाधिकार हनन का नोटिस सौंपा है। शर्मा ने प्रदेश के डीजीपी सहित दो अन्य अधिकारियों के खिलाफ विशेषाधिकार हनन का मामला उठाया है।
विधानसभा के मानसून सत्र के दौरान नया विवाद खड़ा हो गया है। धर्मशाला से भाजपा विधायक सुधीर शर्मा ने पुलिस विभाग के शीर्ष अधिकारियों के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया को विशेषाधिकार हनन का नोटिस सौंपा है। शर्मा ने प्रदेश के डीजीपी सहित दो अन्य अधिकारियों के खिलाफ विशेषाधिकार हनन का मामला उठाया है। आरोप है कि विधानसभा की कार्यवाही के दौरान विजिलेंस विभाग ने उन्हें पूछताछ के लिए तलब किया, जो एक निर्वाचित विधायक के विशेषाधिकारों का उल्लंघन है।
जिस मामले की जांच धर्मशाला में दर्ज है, उससे संबंधित पूछताछ के लिए उन्हें शिमला स्थित विजिलेंस कार्यालय बुलाया गया। उनका दावा है कि सत्र के दौरान इस प्रकार का नोटिस जारी करना उन्हें मानसिक रूप से प्रताड़ित करने और राजनीतिक दबाव बनाने का प्रयास है। गौरतलब है कि सुधीर शर्मा के खिलाफ विजिलेंस ब्यूरो में आय से अधिक संपत्ति का मामला दर्ज है। जांच एजेंसियां उनकी आय के स्रोतों, चल-अचल संपत्तियों, बैंक खातों, निवेश और वित्तीय लेन-देन की पड़ताल कर रही हैं। सूत्रों के अनुसार शेयर बाजार से हुई आय, जमीनों की खरीद-फरोख्त और अन्य आर्थिक गतिविधियां भी जांच के दायरे में हैं। अब सबकी निगाहें विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया पर टिकी हैं कि वे विशेषाधिकार हनन के इस नोटिस पर क्या रुख अपनाते हैं।