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Shimla News: मंत्रियों, विधायकों और नेताओं ने रौंदे नियम, रिज को बना दिया पार्किंग

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अनशन पर बैठने के लिए वाहनों में पहुंचे नेता, सुबह 11:00 बजे से दोपहर 1:00 बजे तक रिज पर खड़ी रहीं गाड़ियां
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20 से ज्यादा खड़ी थीं गाड़ियां, तमाशबीन बनी रही पुलिस
सील्ड रोड है रिज मैदान, कटता है तीन हजार का चालान
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। राजधानी के ऐतिहासिक रिज मैदान पर शुक्रवार को मंत्रियों, विधायकों और नेताओं ने सरेआम सारे नियम रौंद डाले। अनशन में शामिल होने पहुंचे नेताओं ने अपनी गाड़ियां रिज पर ही पार्क कर दीं। हालत यह थी कि दोपहर 1:00 बजे तक रिज और चर्च परिसर के आसपास आम लोगों का पैदल चलना तक मुश्किल हो गया।

मौके पर तैनात शिमला पुलिस के अफसर और जवान तमाशबीन बने रहे। लोगों ने सवाल उठाए कि आखिर रिज मैदान जो सील्ड रोड में शामिल है, वहां कैसे इतने वाहन खड़े किए जा रहे हैं। रिज मैदान पर महात्मा गांधी के पास कांग्रेस का शुक्रवार को मनरेगा को लेकर अनशन था। सुबह 11:00 बजे से ही रिज पर मंत्री, विधायकों और कांग्रेस नेताओं के वाहनों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया। 11:15 बजे तक राज्य पुस्तकालय के बाहर वीआईपी वाहनों की कतार लग गई। चर्च परिसर के बाहर और टका बेंच को जोड़ने वाली सड़क पर भी गाड़ियां खड़ी हो गईं। करीब दो घंटे तक रिज मैदान पार्किंग में बदला रहा। यहां से गुजर रहे आम लोगों ने इस पर सवाल भी उठाए। लोगों ने कहा कि आम जनता के चालान काटने वाली पुलिस अब वीआईपी के सामने बेबस क्यों हैं। शिमला पुलिस दोहरा कानून चला रही है। रिज पर भी यदि गाड़ियां खड़ी करनी हैं तो कम से कम पैदल चलने की जगह तो छोड़नी चाहिए थी।
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जनता को यातायात का पाठ पढ़ा रही पुलिस
शिमला पुलिस और परिवहन विभाग इन दिनों आम जनता को सड़क सुरक्षा के तहत यातायात नियमों का पाठ पढ़ा रहे हैं। लोगों को नियमों का पालन करने का संदेश दिया जा रहा है लेकिन वीआईपी पर यह संदेश या नियम लागू नहीं हो रहा। पहले भी रिज क्षेत्र में नेताओं की गाड़ियां बेरोक टोक पार्क करने को लेकर लोग सवाल उठा चुके हैं।
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हेरिटेज क्षेत्र के साथ सील्ड रोड है रिज मैदान
ऐतिहासिक रिज मैदान हेरिटेज क्षेत्र में शामिल है। यह सील्ड रोड है जहां वाहनों की आवाजाही पर पाबंदी है। बिना परमिट आवाजाही पर तीन हजार रुपये तक का चालान कटता है लेकिन नेताओं और रसूखदार न सिर्फ यहां आवाजाही कर रहे हैं बल्कि इसे पार्किंग भी बना रहे हैं।
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