एचपीयू में एनएसयूआई ने कुलपति को ज्ञापन सौंप उठाईं 14 मांगें
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय में कार्यकारी परिषद की बैठक के दौरान एनएसयूआई विश्वविद्यालय इकाई ने छात्रहित से जुड़ी मांगों को लेकर कुलपति व परिषद सदस्यों को ज्ञापन सौंपा। इकाई अध्यक्ष रणदीप ठाकुर के नेतृत्व में सौंपे गए ज्ञापन में 14 प्रमुख मांगें उठाते हुए विश्वविद्यालय प्रशासन से शीघ्र समाधान करने की मांग की गई।
एनएसयूआई ने श्रीखंड छात्रावास की मरम्मत कार्य को जल्द पूरा कर इसे सुचारु करने पर जोर दिया। साथ ही छात्रों की सुविधा के लिए नई बसें खरीदने, पुस्तकालय में आधारभूत सुविधाएं बढ़ाने और रीडिंग हॉल को 24 घंटे खोलने की मांग भी प्रमुख रूप से रखी गई। संगठन ने यूजी परीक्षा फार्म में ली जा रही भारी लेट फीस को कम करने तथा परीक्षा केंद्र परिवर्तन और डाटा करेक्शन के नाम पर वसूली जा रही फीस को बंद करने की मांग की।
इकाई ने वर्ष 2018 के बाद के छात्रों को स्पेशल चांस में री-अपियर का अवसर देने, पीएचडी प्रवेश में सुपरन्यूमेरेरी सीटों को सामान्य श्रेणी में भरने और बंद पड़े एक वर्षीय डिप्लोमा कोर्स पुनः शुरू करने की भी मांग की। विश्वविद्यालय में रिक्त शिक्षक और गैर शिक्षक पदों को भरने तथा प्रवेश प्रक्रिया में ओबीसी आरक्षण लागू करने की मांग भी प्रमुख रही। एनएसयूआई ने वर्ष 2020 में गैर शिक्षक भर्ती के लिए अभ्यर्थियों से लिए गए आवेदन शुल्क का मुद्दा उठाते हुए कहा कि अब तक परीक्षा नहीं हुई है। संगठन ने चेतावनी दी कि भर्ती परीक्षा जल्द करवाई जाए या अभ्यर्थियों को फीस वापस की जाए। इसके अलावा विश्वविद्यालय के नए भवन का नाम पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह के नाम पर रखने और परिसर में उनकी प्रतिमा स्थापित करने की मांग भी रखी गई।
इस मौके पर प्रदेश महासचिव यशवंत, अंकित, दीपिका, आदर्श गौतम, दीक्षित, पंकज, अंकित भाटिया, रजनी, विनीत, चंद्रेश, विशाल सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।