पित्रोदा का मामला अभी ठंडा भी नहीं हुआ था कि पूर्व केंद्रीय मंत्री मणिशंकर अय्यर शिमला आ धमके। अय्यर का यह दौरा निजी बताया गया था, क्योंकि वह पंजाब सर्किट हाउस में ठहरे थे। अय्यर प्रदेश कांग्रेस दफ्तर में बुद्धिजीवी विभाग की बैठक भी लेना चाहते थे। यह बैठक होती, इससे पहले ही पूर्व मंत्री मणिशंकर ने नीच आदमी के बयान को लेकर मीडिया में बयानबाजी करके कांग्रेस में खलबली मचा दी।
इसके बाद प्रदेश कांग्रेस नेताओं को लगा कि मणिशंकर अय्यर कुछ देर और शिमला में रह गए तो कांग्रेस के लिए लोकसभा चुनाव में संकट पैदा कर देंगे। हालांकि, एआईसीसी ने मणिशंकर को साफ शब्दों में कह रखा है कि वह लोकसभा चुनाव के दौरान मीडिया में कोई बयान नहीं देंगे।
इसके बाद भी अय्यर ने न केवल मीडिया में बयानबाजी की, बल्कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मिमिक्री भी कर डाली। इतना ही नहीं, मीडिया कर्मियों के माइक तक धकेल दिए गए और मीडिया कर्मियों को अपशब्द तक कहे। देखना यह है कि सैम पित्रोदा और मणिशंकर के इन शो से कांग्रेस की चुनाव वैतरणी कितनी पार लगेगी।