प्रदेश के मंडी जिले में छतरी-राणाबाग पुल के समीप पिकअप जीप खाई में लुढ़कने से उसमें सवार दो लोगों की मौत हो गई है। वहीं, हादसे में गाड़ी में सवार एक व्यक्ति घायल भी हुआ है।
वहीं, एक व्यक्ति लिफ्ट लेने के चक्कर में गाड़ी की चपेट में आकर घायल हो गया। अनियंत्रित गाड़ी राहगीर को चपेट में लेकर खाई में लुढ़क गई।
हादसा कुल्लू के आनी बार्डर के समीप हुआ है। सूचना मिलते ही आनी पुलिस थाना की टीम मौके पर पहुंची और बचाव कार्य शुरू किया। वहीं, घायलों को उपचार के लिए स्थानीय चिकित्सालय में भर्ती किया गया है।
पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक जंजैहली से 35 किलोमीटर दूर शनिवार सुबह करीब सवा 8 बजे एक जीप अनियंत्रित होकर 240 फीट गहरी खाई में जा गिरी।
हादसा छतरी से मात्र 9 किलोमीटर दूर पर हुआ है। मृतकों की पहचान महेश ठाकुर (35) पुत्र संगत राम और किशोरी लाल (44) पुत्र बुधि सिंह गांव बेठुआ के रूप में हुई है।
गाड़ी को कपूर सिंह पुत्र संगत राम चला रहा था, उसे मामूली चोटें आई हैं। जबकि पदम देव गांव थुया निवासी को भी हल्की चोटें आई हैं। पुलिस थाना जंजैहली के प्रभारी गोपाल सिंह ठाकुर ने कहा कि पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिए गए हैं।
नए घर में जाने सपना रह गया अधूरा
राणाबाग पुल हादसा दो परिवारों को गहरे जख्म दे गया है। मृतक किशोरी का अपने नए घर जाने का सपना ही रह गया है। बताया जा रहा है उसने नए मकान का कार्य लगा रखा है। सुबह टाइल लगाने का कम शुरू होना था। लेकिन, सीमेंट खत्म था।
सुबह ही वह सीमेंट लेने चला गया। लेकिन, घर से महज चार किमी की दूरी पर ही गाड़ी गिरी और उसकी मौत हो गई। बेठवा गांव के वार्ड पंच राकेश ठाकुर ने बताया कि क्षेत्र में हुए हादसे में दो लोगों की मौत से मातम का माहौल है। दूसरा मृतक चालक कपूर सिंह का भाई था।
पैरपिट होते तो बच सकती थी जान
प्रधान ग्राम पंचायत चिंतामणी, उपप्रधान काहन सिंह, राकेश कुमार, लीला प्रकाश, विजय कुमार तेज सिंह, नेत्र सिंह, चतर सिंह गुलाब सिंह का कहना है कि अगर छतरी से राणा बाग तक पैरापिट या क्रैश बैरियर होते तो शायद दो जिंदगियां बच जातीं।