फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

LPG Crisis: हिमाचल के पर्यटन सीजन पर भारी पड़ने लगी व्यावसायिक गैस सिलिंडरों की कमी

Thu, 12 Mar 2026 06:00 AM IST
Krishan Singh अमर उजाला ब्यूरो, शिमला।

सार

प्रदेश के प्रमुख पर्यटन स्थलों शिमला, मनाली, धर्मशाला और डलहौजी में होटल और रेस्टोरेंट संचालक गैस की किल्लत से जूझ रहे हैं। 
विज्ञापन
एलपीजी सिलिंडर - फोटो : Adobe Stock
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

हिमाचल प्रदेश में व्यावसायिक एलपीजी सिलिंडरों की कमी अब पर्यटन कारोबार पर भारी पड़ने लगी है। प्रदेश के प्रमुख पर्यटन स्थलों शिमला, मनाली, धर्मशाला और डलहौजी में होटल और रेस्टोरेंट संचालक गैस की किल्लत से जूझ रहे हैं। कई होटल कारोबारियों का कहना है कि उनके पास महज एक-दो दिन की गैस शेष बची है। स्थिति गंभीर होती देख कई होटलों ने फिलहाल एडवांस बुकिंग लेना बंद कर दिया है। कारोबारियों का कहना है कि यदि जल्द सप्लाई बहाल नहीं हुई तो आने वाले दिनों में होटल-रेस्टोरेंट की रसोई ठप पड़ सकती है और पर्यटकों को भी भोजन की व्यवस्था में दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है।

विज्ञापन

पर्यटन कारोबारियों के अनुसार प्रदेश में मार्च के साथ ही पर्यटन गतिविधियां तेज हो जाती हैं और वीकेंड पर बड़ी संख्या में पर्यटक पहुंचते हैं। ऐसे समय में गैस की कमी से होटल उद्योग में चिंता बढ़ गई है। उनका कहना है कि सप्लाई बाधित रहने से बुकिंग रद्द होने और कारोबार में गिरावट की आशंका है। होटलों में रसोई संचालन पूरी तरह कामर्शियल गैस सिलिंडरों पर निर्भर है। सप्लाई प्रभावित होने से सबसे बड़ी समस्या होटल के स्टाफ के लिए भोजन बनाने की हो गई है।
विज्ञापन

कई होटल संचालकों ने गैस बचाने के लिए मेन्यू सीमित कर दिया है, जबकि कुछ स्थानों पर वैकल्पिक व्यवस्था के तौर पर इंडक्शन प्लेट और अन्य साधनों का सहारा लिया जा रहा है। शिमला के होटल कारोबारी रमेश शर्मा ने बताया कि व्यावसायिक गैस सिलिंडरों की रिफिलिंग बंद और सप्लाई बेहद सीमित होने से होटल उद्योग में संकट गहराता जा रहा है। मंडी के होटल कारोबारी सुभाष ठाकुर ने बताया कि गैस की कमी से निपटने के लिए कई होटल संचालक इंडक्शन प्लेट और डीजल भट्ठियों जैसे विकल्प अपनाने पर मजबूर हो गए हैं। हालांक, बड़े किचन में इन विकल्पों से काम चलाना आसान नहीं है और इससे खर्च भी बढ़ रहा है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें