मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने मंगलवार को हिमाचल प्रदेश कला, भाषा एवं संस्कृति अकादमी के समारोह में साहित्यकार सुदर्शन वशिष्ठ और निष्पादन कला के क्षेत्र में कत्थक में विशिष्ट योगदान के लिए इला पांडे को शिखर सम्मान-2016 से सम्मानित किया।
पुरस्कार के रूप में प्रशस्ति पत्र के अलावा एक लाख रुपये की धनराशि प्रदान की गई। इला पांडे ने पुरस्कार राशि को मुख्यमंत्री राहत कोष में देने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने समारोह की अध्यक्षता करते हुए कहा कि संस्कृति और परंपराओं के संरक्षण और संवर्द्धन में कवियों, कलाकारों और लेखकों के योगदान को नजर अंदाज नहीं किया जा सकता।
वीरभद्र सिंह ने कहा कि हम सभी को अपनी संस्कृति, भाषाओं और लोक कलाओं को और सुदृढ़ करने की आवश्यकता है और यह अकादमी के सम्मुख एक बड़ी जिम्मेवारी है। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर प्रो. एमसी सक्सेना की पुस्तक आकाश बेल का विमोचन भी किया।
उन्होंने निष्पादन कला के क्षेत्र में ज्वाला प्रसाद शर्मा और दृश्य कला को प्रोत्साहन देने के लिए प्रो. हिम चटर्जी को निष्पादन कला सम्मान-2016 देने की घोषणा की। अकादमी के उपाध्यक्ष प्रेम शर्मा ने कहा कि इतिहास हमें समाज के साथ-साथ संस्कृति के उद्भव को प्रतिबिंबित करता है।
उन्होंने कहा कि इतिहासकार, कवि और लेखक समाज का वास्तविक आईना हैं, जो इसका सही पक्ष उजागर करते हैं। अकादमी की निदेशक शशि ठाकुर ने मुख्यमंत्री का स्वागत किया। सचिव अशोक हंस ने अकादमी की उपलब्धियों पर प्रकाश डाला।