किसानों के समर्थन में वामपंथी संगठनों का प्रदर्शन
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देश के किसानों के समर्थन में प्रदेशभर में वामपंथी संगठनों ने शनिवार को आंदोलन किया और केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। आंदोलनकारियों ने राजधानी शिमला, कुल्लू के आनी और जिला सोलन के बद्दी में चक्का जाम किया। वापमंथी संगठनों ने तीन कृषि कानूनों के विरोध में शिमला के सर्कुलर रोड पर दोपहर 12 से 2.15 बजे तक विक्ट्री टनल के पास वाहन रोके। इस दौरान कई लोगों को पैदल ही अपने गंतव्यों की ओर जाना पड़ा। आनी में किसान सभा ने एनएच-305 एक घंटे तक जाम किया। हिमाचल किसान सभा पांवटा व किसान आंदोलन के समर्थकों ने नए कृषि कानूनों के खिलाफ प्रदर्शन किया।
आंदोलन कर रहे देश के किसानों के समर्थन में माकपा, हिमाचल किसान सभा, हिमाचल किसान संघर्ष समिति, महिला समिति, सीटू, डीवाईएफआई और एसएफआई के नेताओं व कार्यकर्ताओं ने आंदोलन में हिस्सा लिया। किसान संघर्ष समिति के महासचिव संजय चौहान ने कहा कि वामपंथी संगठनों ने देश के किसानों के समर्थन में यह आंदोलन किया। कहा कि केंद्र और राज्य सरकार के विरोध में प्रदेश के ब्लॉक और जिला मुख्यालयों में प्रदर्शन किया गया। देश के तीन नए कृषि कानूनों का विरोध किया जा रहा है और केंद्र सरकार अड़ी हुई है। जब तक केंद्र सरकार इन कानूनों को वापस नहीं लेती है, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।