आईजीएमसी अस्पताल में पहुंचने वाले मरीजों को स्ट्रेचर और व्हील चेयर नहीं मिल रहे हैं। अस्पताल के गेट से आपातकालीन वार्ड तक मरीजों को पहुंचाने में तीमारदारों के पसीने छूट रहे हैं। 108 एंबुलेंस में अस्पताल आ रहे मरीजों को भी स्ट्रेचर की सुविधा नहीं मिल रही है।
आपातकालीन एक्सरे प्लांट भी एक माह बाद ठीक नहीं हो पाया है। इस वजह से आपातकाल में आने वाले मरीजों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। मौजूदा समय में अस्पताल में सड़क हादसों के घायल सबसे अधिक आ रहे हैं।
चिकित्सकों की पहली प्राथमिकता घायलों का एक्सरे करवाना होता है। पहले से गंभीर मरीज के पास वक्त की कमी रहती है। लेकिन एक्सरे प्लांट के बंद होने से उन्हें एक्सरे के लिए पुराने भवन में ले जाया जाता है। इसमें काफी समय बर्बाद हो जाता है।
अगर एक्सरे साफ न आया हो तो घायल को फिर से एक्सरे के लिए भेजा जाता है। उधर, वरिष्ठ चिकित्सा अधीक्षक डा. रमेश ने कहा कि 45 स्ट्रेचर नए आ रहे हैं। इसके बाद कोई दिक्कत नहीं आएगी। एक्सरे प्लांट को भी जल्द दुरुस्त कर दिया जाएगा।