लाहौल घाटी में मटर का तुड़ान शुरू हो गया है। शुक्रवार को लाहौल के मटर को कुल्लू की भुंतर सब्जी मंडी में 66 रुपये कीमत मिली है। शुरूआत में उम्दा दाम मिलने से घाटी के किसानों के चेहरे खिल गए हैं। पिछले साल मटर को 50 रुपये भाव मिला था। शीत मरुस्थल लाहौल में तैयार मटर ने देश की विभिन्न मंडियों में दस्तक दे दी है। कुल्लू घाटी में इस बार लगातार बारिश और ओलावृष्टि से मटर को नुकसान हुआ है।
किसानों का कहना है कि हरे मटर की गुणवत्ता बेहतर है, ऐसे में किसानों को अच्छा दाम मिल रहा है। जनजातीय जिला लाहौल-स्पीति की पटट्न घाटी से मटर का सीजन आरंभ गया है और किसान कुल्लू की लोकल मंडियों में मटर बेचने आ रहा है। अटल टनल रोहतांग बनने से किसानों को अपने उत्पाद को सब्जी मंडियों तक पहुंचाना आसान हो गया है।
किसान अशोक, सोहन लाल व प्रेम सिंह ने कहा कि मटर की फसल तैयार हो गई है और किसानों को तुड़ान शुरू कर दिया है। भुंंतर सब्जी मंडी में आढ़ती पाल ने कहा कि शुक्रवार को लाहौल के मटर की बाेली 66 रुपये प्रति किलो लगी है। अभी मंडी में कम मात्रा में मटर आ रहा है और अगले सप्ताह में इसमें तेजी जाएगी।
एलपीएस के अध्यक्ष सुदर्शन जस्पा ने कहा कि पट्टन घाटी में मटर तैयार हो गया है। अच्छी फसल होने से किसानों को इस साल रेट भी बेहतर मिलेगा। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में रेट में और भी उछाल आएगा। कहा कि पिछले साल मटर को 50 रुपये के आसपास ही शुरुआती दाम मिला था।