प्रदेश भू रिकॉर्ड और राजस्व विभाग के निदेशक ने प्रदेश की सभी पंचायतों में पीएम किसान सम्मान निधि के लाभार्थियों की सूची चस्पां करने के आदेश जारी किए हैं। इसके साथ ही पंचायत सचिव, पटवारी और नंबरदार तीन लोगों की कमेटी को पीएम किसान सम्मान निधि मामले की जांच के निर्देश भी दिए हैं।
एक ही किसान को दो अलग-अलग बैंक खातों में पीएम सम्मान निधि बांटी गई है। यह मामला विकास खंड बमसन का है। एक खाते में उपनाम कुमार है तो दूसरे में शर्मा है। जबकि पिता का नाम और घर का पता दोनों खातों में एक ही दर्शाया है। मामला उजगार होते ही राजस्व विभाग ने जांच शुरू कर दी है।
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विभाग का कहना है कि एक ही व्यक्ति दो अलग-अलग नाम से पीएम किसान सम्मान निधि हासिल करने का अनोखा मामला सामने आया है। जांच कर आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। जिले में अपात्र परिवारों ने पीएम किसान सम्मान निधि के करीब 98.40 लाख रुपये डकारने का मामला भी सामने आ चुका है।
विभाग ने जांच के बाद करीब 42 लाख रुपये की रिकवरी कर ली है। जबकि राशि को वसूलने की प्रक्रिया जारी है। इस तरह के मामलों पर अंकुश लगाने के लिए प्रदेश भू रिकॉर्ड और राजस्व विभाग के निदेशक ने प्रदेश की सभी पंचायतों में पीएम किसान सम्मान निधि के लाभार्थियों की सूची चस्पां करने के आदेश जारी किए हैं।
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इसके साथ ही पंचायत सचिव, पटवारी और नंबरदार तीन लोगों की कमेटी को पीएम किसान सम्मान निधि मामले की जांच के निर्देश भी दिए हैं। उधर, जिला राजस्व अधिकारी देवराज भाटिया ने कहा कि अपात्र लोगों से पीएम किसान सम्मान निधि को वसूलने की प्रक्रिया जारी है। उन्होंने कहा कि एक ही व्यक्ति दो अलग-अलग नाम से सम्मान निधि हासिल करने के मामले की जांच की जाएगी।