करवाचौथ मनाने भारी संख्या में महिलाएं रिज मैदान पर पहुंचेगी। इसके चलते सुरक्षा के मद्देनजर रिज पर खास इंतजाम किए हैं। करवाचौथ के मौके पर रिज मैदान को आकर्षक लाइटों से सजाया गया। इस दौरान महिलाओं की ओर से सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे।
हनुमान मंदिर केल्टी के पुजारी पंडित संजय शास्त्री ने बताया कि कार्तिक कृष्ण पक्ष की चतुर्थी को करवाचौथ कहते हैं। इसमें महिलाओं द्वारा भगवान गणेश का पूजन किया जाता है। इस दौरान महिलाएं गेहूं का करवा भर के पूजन करती हैं और कथा को सुनकर चंद्रोदय के समय अर्घ्य देकर व्रत खोलती हैं।
करवाचौथ पर आज चांद का दीदार 8 बजकर 21 मिनट पर होगा। चांद दिखाई देने के बाद ही महिलाएं पूजा अर्चना कर पति की दीर्घ आयु की कामना करेंगी और व्रत खोलेंगी। करवाचौथ को लेकर शहर की महिलाओं में खासा उत्साह है।
करवाचौथ पर उद्यापन करने के लिए स्त्रियों को थाली में तेरह जगह चार-चार पूड़ी और थोड़ा सीरा रखना चाहिए। इस दौरान महिलाएं को थाली में चावल, कुंगू, और दक्षिणा डालकर अपनी सास के पांव छूकर उन्हें देना चाहिए। तेरह ब्राह्मणों को व्रत के दौरान भोजन करवाना चाहिए। केल्टी के पुजारी ने बताया कि महिलाएं घरों में पूरा दिन कभी भी उद्यापन करवा सकती हैं।
करवाचौथ की पूर्व संध्या पर बाजारों में महिलाओं की खूब भीड़ रही। शहर में 150 से लेकर 200 रुपये तक की मेंहदी सुहागिनों ने हाथों में लगाई। करवाचौथ के लिए लगी दुकानों पर इस दौरान महिलाओं ने दीये, छननी और चूड़ियां खरीदीं।