अजय सिंह रिंग में पहलवानों को चित करने के लिए अभ्यास के साथ डाइट का पूरा ध्यान रखते हैं। सुबह पांच बजे से नौ बजे तक जिम में अभ्यास के बाद रेसलिंग की ट्रेनिंग लेते हैं, जबकि बाद में प्रैक्टिस करते हैं। अजय दिन में केवल एक से दो घंटे का आराम करते हैं।
बाकी समय अभ्यास में गुजरता है। सुबह एक दर्जन अंडे और एक लीटर दूध सहित दलिया जरूर खाते हैं। दिन के समय फल और सामान्य खाना खाते हैं। रात को चिकन खाते हैं। खाने के साथ दही जरूर लेते हैं। वह उबला हुआ खाना ही खाते हैं।
भाई पेट्रोल पंप पर करते हैं काम
गरीब घर से संबंध रखने वाले अजय सिंह के दो बड़े भाई राकेश कुमार और साजन पेट्रोल पंप पर काम करते हैं, जबकि पिता प्रमोद सिंह और माता स्वर्णा देवी घर में ही रहती हैं। अजय सिंह ने मेकेनिकल में डिप्लोमा करके राजस्थान में श्रीराम पिस्टन में बतौर फिटर नौकरी भी की, लेकिन बाद में खली की जालंधर स्थित अकादमी में ट्रायल देकर वहीं अभ्यास करते हैं।