चिट्टे का नशा जहर है और हमें अपने बच्चों को इस बारे में जागरूक करना होगा। इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज (आईजीएमसी) के चिकित्सकों के मुताबिक समाज के सभी लोगों को मिलकर नशे से लड़ने की जरूरत है। चिकित्सकों का कहना है कि आपके बच्चे के व्यवहार में अचानक बदलाव नजर आ रहा है और उसने परिवार से दूर रहना शुरू कर दिया है तो सावधान हो जाएं। यह संकेत आपके बच्चे को नशे की लत लगने के हो सकते हैं। वर्तमान में चिट्टे से अपने बच्चों को बचाना अभिभावकों के लिए बड़ी चुनौती बन गया है। डॉक्टरों की सलाह है कि अभिभावक अपने बच्चों की नियमित रूप से निगरानी करें। आईजीएमसी मनोरोग विभाग की असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. निधि शर्मा ने बताया कि मनोरोग विभाग की ओपीडी में हर रोज 3 से 4 मरीज ऐसे पहुंच रहे हैं, जोकि चिट्टे के आदी हैं।