प्रदेश सूचना आयोग ने आरटीआई एक्ट में दायर की गई एक शिकायत को खारिज करते हुए कहा है कि कसौली क्लब पब्लिक अथॉरिटी नहीं है। यह निर्णय राज्य मुख्य सूचना आयुक्त नरेंद्र चौहान ने सुनाया है।
आयोग ने कहा है कि कोई भी एंटिटी केवल तभी पब्लिक अथॉरिटी होती है, अगर यह आरटीआई एक्ट 2005 की धारा 2(एच) के तहत प्रावधानों में आती हो। कोई भी अथॉरिटी अगर सरकार से पर्याप्त मात्रा में आर्थिक सहायता प्राप्त करती है तो ही उसे पब्लिक अथॉरिटी माना जाएगा।
आयोग ने कहा है कि दिल्ली क्रिकेट एसोसिएशन और पंजाब क्रिकेट एसोसिएशन को पब्लिक अथॉरिटी बनाने का तर्क भी यहां पर लागू नहीं होता है। आवेदक विकास कुठियाला ने कसौली क्लब से आरटीआई एक्ट के तहत कुछ सूचना मांगी थी जो उन्हें नहीं मिली।
इसके बाद उन्होंने राज्य सूचना आयोग के समक्ष शिकायत की। इस शिकायत को आयोग ने खारिज कर दिया और शिकायतकर्ता की दलीलों को स्वीकार नहीं किया।