प्रदेश सूचना आयोग ने एक सरकारी कॉलेज के पीटीए अध्यक्ष को 2000 रुपये का मुआवजा जारी करने के आदेश दिए हैं। आयोग ने सूचना के अधिकार के तहत पीटीए अध्यक्ष को सूचना नहीं मिलने पर यह फैसला सुनाया है।
साथ ही भविष्य में इस तरह की कोताही नहीं करने के लिए भी चेताया है। यह आदेश राज्य मुख्य सूचना आयुक्त नरेंद्र चौहान ने सुनाया है। आयोग ने विक्रम ठाकुर बनाम प्रधानाचार्य राजकीय डिग्री कॉलेज राजगढ़ अपील पर यह फैसला सुनाया है।
आयोग ने कहा कि पीटीए अध्यक्ष तक को सूचना देने से इंकार किया गया। पीटीए अध्यक्ष रहे विक्रम ठाकुर ने पीटीए के नियमों, बैठकों, कैश रजिस्टर आदि का ब्योरा मांगा था। जो प्रथम अपीलीय अथॉरिटी के आदेश के बावजूद नहीं दिया गया।
आयोग के आदेशों का गलत हवाला देकर आवेदक को धोखा दिया गया कि इसे नहीं दिया जा सकता। आयोग ने कहा कि यह मुआवजा दिलाए जाने का केस है। इसमें 2000 रुपये का मुआवजा देना उचित है।
आयोग ने दो टूक कहा कि शिक्षा विभाग में पीआईओ या पब्लिक अथॉरिटी के स्तर पर भविष्य में इस तरह की कोताही रही तो कानून के तहत दंडात्मक कार्रवाई होगी।