धौलाधार की वादियों में बना धर्मशाला का अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम शनिवार सुबह नौ बजे टॉस का सिक्का उछलते ही इतिहास रचेगा। अप्रैल 2005 से धर्मशाला स्टेडियम में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच शुरू हुए। करीब 12 साल के लंबे इंतजार के बाद यहां पहला टेस्ट मैच शनिवार से खेला जाएगा। धर्मशाला की पिच, मौसम और मेजबानी की तो परीक्षा होगी ही, निर्णायक मैच में टीम इंडिया की प्रतिष्ठा भी दांव पर लगी हुई है।
टेस्ट सीरीज में भारत और आस्ट्रेलिया की दोनों टीमें एक-एक जीत के साथ बराबरी पर हैं। ऐसे में घरेलू परिस्थितियों का फायदा उठाकर टीम इंडिया सीरीज जीतने को बेताब है। उधर, एचपीसीए ने भी सफल आयोजन को एड़ी चोटी का जोर लगा दिया है। उधर, शुक्रवार को चौथे और अंतिम टेस्ट मैच से पहले ऑस्ट्रेलियाई टीम के खिलाड़ियों ने मैकलोडगंज स्थित मुख्य बौद्ध मठ परिसर में
धर्मगुरु दलाईलामा से मुलाकात की और उनसे आशीर्वाद लिया। करीब एक घंटे तक चली मुलाकात में दलाईलामा ने अध्यात्म सहित अन्य मुद्दों पर विचार साझा किए। साथ ही ऑस्ट्रेलियन खिलाड़ियों के कई सवालों के जवाब दिए। दलाईलामा ने अपने ही अंदाज में कप्तान स्टीव और अन्य खिलाड़ियों को मंत्रमुग्ध कर दिया।