बहू बना कर लाए थे और बेटी बना कर विदा कर दिया। जी हां बिलासपुर के ससुराल पक्ष ने एक अनूठी मिसाल पेश की है। घुमारवीं उपमंडल में बेटे की मौत के बाद ससुराल पक्ष ने बहू का पुनर्विवाह धूमधाम से करवाया।
ग्राम पंचायत बम्ब के कुलवाड़ी गांव के सुखदेव ने मई 2011 में अपने बेटे की शादी ऊना में करवाई थी। शादी के दस महीने बाद उनके बेटे की मौत हो गई। पूरे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। इसके बाद बहू ने पूरे परिवार को संभाला था और परिवार की जिम्मेदारी बेटी की तरह उठाई थी।