विजिलेंस ब्यूरो की प्रारंभिक जांच में खुलासा हुआ है कि हिमाचल के नाम पर पंजाब को 200 फर्जी बिजली कनेक्शन दिए गए हैं। ये कनेक्शन ऊना के सरहदी क्षेत्र अजौली, संतोषगढ़, सनोली समेत दौलतपुर से सटे इलाकों में दिए गए हैं।
ऊना के सरहदी इलाकों में कई अवैध कनेक्शन व्यावसायिक भी हैं, जिनकी आज तक विभागीय जांच नहीं हुई है। सूत्र बताते हैं कि इस फर्जीवाड़े में न सिर्फ बिजली बोर्ड के अधिकारी शामिल हैं बल्कि सियासी दखल के चलते भी मामले को कई दफा दबाया गया है।
हिमाचल की सस्ती बिजली से पंजाब के सैकड़ों घर अवैध रूप से रोशन हो रहे हैं। इससे प्रदेश बिजली बोर्ड को हर साल लाखों का चूना लग रहा है। बिजली बोर्ड के अधिशासी अभियंता अश्वनी शर्मा ने कहा कि यह मामला चार-पांच साल पुराना है। उन्होंने कहा कि बोर्ड जांच करवा रहा है।
उधर, एएसपी विजिलेंस केडी शर्मा ने साफ किया है कि अभी तक विभाग ने पांच व्यावसायिक और सात अवैध घरेलू कनेक्शनों का मामला दर्ज कर जांच शुरू की है। शर्मा ने माना कि ऊना के साथ लगती पंजाब की जमीन पर 200 से ज्यादा अवैध कनेक्शन हैं, जिनकी जांच की जा रही है।