वहीं उन्होंने निजी ऑपरेटरों को लाभ पहुंचाने के लिए ढांगू वाया पठानकोट रूट पर दिए गए परमिटों का भी जमकर विरोध किया। समिति सदस्यों ने कहा कि जिस तरीके से कुछ निजी ऑपरेटरों को अवैध तरीके से रूट परमिट दिए जा रहे हैं, उससे निगम के अस्तित्व पर खतरा बन गया है, जिसे किसी भी
कीमत पर सहन नहीं किया जाएगा। वहीं बैठक में निर्णय लिया गया कि इस सारे मामले को परिवहन मंत्री और प्रदेश सरकार को अवगत करवाया जाएगा। साथ ही प्रबंध निदेशक और परिवहन निदेशक हिमाचल प्रदेश को नोटिस भेजकर अवगत करवाया जाएगा। वहीं निगम हित के मुद्दों को लेकर मंडलीय प्रबंधक धर्मशाला से भी बैठक की गई।