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सरकार ने एचआरटीसी कर्मचारियों पर की तोहफों बरसात

Thu, 26 Jul 2018 11:33 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
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सरकार ने एचआरटीसी कर्मचारियों को मालामाल कर दिया है। बुधवार को हुई बीओडी की बैठक में निगम प्रबंधन ने एचआरटीसी कर्मचारियों को 3 फीसदी महंगाई भत्ता जारी करने का एलान किया।

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यह भत्ता जुलाई, 2018 से देय होगा। सेवानिवृत्त कर्मचारियों के डीए में 12 फीसदी की बढ़ोतरी की गई है। पेंशनरों का डीए वर्ष 2015 से देय था। जनजातीय भत्ता 300 से बढ़ाकर 450 रुपये और विंटर अलाउंस 200 से बढ़ाकर 300 रुपये किया है।

निगम में अनुबंध कर्मचारियों को 100 फीसदी ग्रेड पे देने की घोषणा की है। इससे 507 कर्मचारी लाभान्वित होंगे। निगम प्रबंधन के इन फैसलों से एचआरटीसी पर हर साल साढ़े 12 करोड़ों का वित्तीय बोझ पड़ेगा। 

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कर्मचारियों का डीए 134 फीसदी से बढ़ाकर 137 किया गया

मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के 7 महीने के कार्यकाल में एचआरटीसी की पहली बीओडी की बैठक हुई। इसकी अध्यक्षता परिवहन मंत्री गोविंद ठाकुर ने की। उन्होंने कहा कि निगम के कर्मचारियों का डीए 134 फीसदी से बढ़ाकर 137 किया गया है।

कहा कि अब एचआरटीसी में भी 3 साल बाद अनुबंध कर्मचारियों को नियमित किया जाएगा। सालों से एचआरटीसी में सेवाएं दे रहे प्रशिक्षु कंडक्टरों के लिए पॉलिसी का प्रावधान किया है। जब भी कंडक्टरों के साक्षात्कार होंगे, उन्हें 5 फीसदी अधिक नंबर देने का प्रावधान किया है। 

रखे जाएंगे 300 कंडक्टर और 300 चालक

परिवहन मंत्री गोविंद ठाकुर ने बताया कि एचआरटीसी में 300 कंडक्टरों और 300 चालकों की भर्ती की जाएगी। कंडक्टरों की भर्ती पब्लिक सर्विस कमीशन से की जाएगी।

पेंशन ट्रस्ट में राशि जमा करवाने को लेकर परिवहन मंत्री ने एलान किया है कि अब एचआरटीसी की बसों में जितनी भी सेल होगी, उसकी 7 फीसदी राशि पेंशन ट्रस्ट में जाएगी। कर्मचारियों की पेंशन सुविधा के लिए यह फैसला लिया है। 
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ड्राइवरों को भी मिलेगी पदोन्नति

निगम प्रबंधन ने ड्राइवरों को भी पदोन्नति देने का फैसला लिया है। ये अब सीनियर ड्राइवर सेवानिवृत्त होंगे। 28 साल बाद इन्हें सीनियर ड्राइवर की पदोन्नति मिलेगी।

निगम प्रबंधन ने शिमला के लिए 50 इलेक्ट्रिक बसें चलाने का फैसला लिया। ये बसें केंद्र सरकार मुहैया करा रही है। प्रदेश सरकार पर इसका कोई वित्तीय बोझ नहीं पड़ेगा। धर्मशाला के लिए भी 10 इलेक्ट्रिक बसें चलाने का फैसला लिया है।

हाईकोर्ट से एचआरटीसी के पक्ष में फैसला आने के बाद निगम प्रबंधन ने क्लस्टरों में 60 बसें चला दी हैं। क्लस्टर वाइज कुल 325 बसें चलाई जानी हैं। परिवहन मंत्री गोविंद ठाकुर ने कहा कि पूर्व

सरकार ने महंगे दामों पर इलेक्ट्रिक और अन्य बसों की खरीद की है। इसका खुलासा तब हुआ, जब निगम को नई बसें आ रही हैं। जरूरत पड़ी तो इन बसों के खरीद की भी जांच की जाएगी। 
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