जमा दो ऑटर्स की परीक्षा में प्रदेश में पहला स्थान हासिल करने वाली अशमिता लॉ एंड मैनेजमेंट करना चाहती हैं। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल सलोह के छात्र कार्तिकेय कहोल का सपना आईएएस बनना है।
जमा दो साइंस की परीक्षा में प्रदेश में छठा स्थान हासिल करने वाली सानिया शर्मा का सपना आईएएस बनने का है। जमा दो के कॉमर्स संकाय में राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कन्या ऊना की स्मृति राणा बैंकिंग में कॅरियर बनाना चाहती हैं।
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला दौलतपुर चौक की प्रगति खरियाल भविष्य में सीए करना चाहती हैं। जमा दो कक्षा वाणिज्य संकाय में राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक अंब के छात्र लासिम का का उद्देश्य सीए बनना है।
न्यू ईरा पब्लिक स्कूल शाहपुर की शालिनी भविष्य में कैमिस्ट्री की टीचर बनना चाहती हैं। तंदाली गांव से कन्या वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला रोहडू की छात्रा दीक्षु शर्मा प्रशासनिक अधिकारी बनना चाहती हैं।
सूबे के अति दुर्गम शिलाई क्षेत्र के डिमटी गांव से ताल्लुक रखने वाली कॅरियर अकादमी स्कूल की प्रीति बिरसांटा ने बाहरवीं कक्षा के वाणिज्य संकाय में पहला स्थान हासिल किया है। प्रीति दिल्ली विश्वविद्यालय में दाखिला लेना चाहती है। आईएएस बनना उसका सपना है।
बारहवीं कक्षा के कला संकाय की मेरिट सूची में दूसरा स्थान हासिल करने वाली साक्षी ठाकुर आईएएस अधिकारी बनना चाहती हैं। बसारल की छात्रा साक्षी बेदी रोजाना 5-6 घंटे पढ़ाई करती हैं। साक्षी का लक्ष्य भविष्य में एडवोकेट बनना है।
लिटिल ऐंजल पब्लिक स्कूल मैहरे की छात्रा प्रकृति ठाकुर का लक्ष्य कंप्यूटर इंजीनियर बनना है। 6 से 7 घंटे प्रतिदिन पढ़ाई करती हैं। न्यू ईरा पब्लिक स्कूल परोल की श्रेया डॉक्टर बनना चाहती हैं। श्रेया स्कूल के अलावा रोजाना 6-7 घंटे पढ़ाई करती हैं।
विज्ञान संकाय की मेरिट में आठवां स्थान हासिल करने वाली हिम अकादमी स्कूल हीरानगर की शिवानी शर्मा मिलिट्री नर्सिंग सर्विस में जाना चाहती हैं। मेरिट सूची में आठवां स्थान हासिल करने वाली न्यू ईरा पब्लिक स्कूल परोल की छात्रा सुनेहा ठाकुर डॉक्टर बनना चाहती हैं।
राजकीय आदर्श स्कूल बिझड़ी के छात्र संयम ने कहा कि वे हृदय रोग विशेषज्ञ चिकित्सक बनकर गरीबों की मदद करना चाहते हैं। राजकीय आदर्श वरिष्ठ पाठशाला कोठार रानीताल स्कूल की छात्रा स्वाति एचएएस अधिकारी बनना चाहती हैं।
साईं स्टार स्कूल गांधीनगर के छात्र अनिल कुमार ने बताया कि कहा कि वह इंजीनियर बनकर देश सेवा करना चाहते हैं। स्नोवर वैली पब्लिक स्कूल बजौरा की छात्रा इशा कुमारी भविष्य में कंप्यूटर साइंस इंजीनियर बनना चाहती हैं।
अनिला महाजन सरस्वती विद्या मंदिर वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय मनाली के राहुल प्रसाद एस्ट्रानोट बनना चाहते हैं। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बंजार की छात्रा गायत्री देवी सेना में जाकर देश की सेवा करना चाहती हैं।
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बंजार की छात्रा जया ठाकुर सहायक प्राध्यापक बनकर गरीब बच्चों की मदद करेगी। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला सैंज की छात्रा रेशमा देवी लेक्चरर बनना है। रेशमा के पिता पेशे से किसान हैं।
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला सुल्तानपुर की छात्रा जानवी शर्मा बैंकिंग के क्षेत्र में अपना कॅरियर बनाना चाहती हैं। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला ददाहू की छात्रा प्रेरणा ने कहा कि आईएएस बनकर गरीब लोगों की सेवा करना चाहती हैं।
हितेश ठाकुर ने विज्ञान संकाय में 483 अंक 96.6 फीसदी अंक अर्जित कर विज्ञान संकाय की स्टेट मेरिट में दसवां स्थान प्राप्त किया है। हितेश ठाकुर मूलत: सराही पांगणा मंडी के रहने वाले हैं।
वाणिज्य संकाय में टॉप करने वाली महक के पिता प्रेम चंद और मां पार्वती देवी ने बताया कि बेटी सीए बनना चाहती हैं। वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला शोघी शिमला के लविश शर्मा पुत्र तारा दत्त शर्मा सीए बन बैंकिंग सेवाओं में कॅरियर बनाना चाहते हैं।
नीन स्कूल का हरिंद्र ठाकुर के घनश्याम दास कृषक हैं। हरिंद्र ठाकुर का कहना है कि वह बी कॉम कर सीए बनना चाहते हैं। कन्या वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला पोर्टमोर की छात्रा कृतिका ने आईएएस कर देश की सेवा करना चाहती हैं।
प्रीति का लक्ष्य एक सफल शिक्षक बनकर शिक्षा को आम और गरीब लोगों तक पहुंचाने का सपना है। कन्या वरिष्ठ माध्यामिक पाठशाला कोटखाई की छात्रा कुमारी ईशा ने प्रदेश स्तर पर जमा दो बोर्ड की परीक्षा में आठवां स्थान प्राप्त किया है। पिता कोटखाई बाजार में दर्जी का काम करते हैं।
घुमारवीं की रहने वाले सानवीं सांख्यान का कहना है कि वह डॉक्टर बनकर लोगों की सेवा करना चाहती हैं। बलद्वाड़ा जिला मंडी के रहने वाले मयंक ठाकुर ने कहा कि भविष्य में वैज्ञानिक बन देश की सेवा करना चाहते हैं।
कल्लर की सिमरन ने बताया कि पीएमटी की परीक्षा पास डॉक्टर बन गरीबों की मदद के लिए काम करना चाहती हैं। घुमारवीं क्षेत्र के अमरपुर गांव की रहने वाली आमया विक्रमा राजे ने सिविल सर्विस में जाकर लोगों की सेवा करना चाहती हैं।
बिलासपुर शहर से संबंध रखने वाली पूजा खजूरिया डॉक्टर बनकर जरूरतमंद लोगों की मदद करना चाहती हैं। बरठीं के श्याम गौतम ने बताया कि गणित अध्यापक बनना चाहते हैं। उनकी गणित विषय में खासी रुचि है।
तलाई क्षेत्र के झंबोला गांव की रहने वाली संतोष कुमारी विज्ञान के क्षेत्र में अहम भूमिका निभाना चाहती है। 12वीं की मेरिट सूची में शुमार नेहा और नरेश प्रशासनिक अधिकारी बनना चाहते हैं। अमर उजाला से बात करते हुए दोनों मेधावियों ने कहा कि वे प्रशासनिक अधिकारी बन समाज की सेवा करेंगे।
484 अंक लेकर 9वां स्थान हासिल करने वाली बैजनाथ की निवेदिता रिहाल प्रशासनिक अधिकारी बनना चाहती हैं। जीवेश अवस्थी केमिस्ट्री विषय में पीएचडी कर प्रोफेसर बनना चाहते हैं। पिता दीपक अवस्थी गणित प्रवक्ता हैं।
अक्षत शर्मा इंजीनियर बनना चाहते हैं। अक्षत के पिता ललित शर्मा जेएनवी कुनिहार में फाइन आर्ट के अध्यापक हैं। भुवनेश कौर ने बताया कि लॉ करना चाहती है और भविष्य में जज बनकर लोगों और देश की सेवा करना चाहती है।
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला अंबोया की छात्रा तनुजा चौहान राजनीतिक शास्त्र की प्रोफेसर बनना चाहती हैं। जमा दो कॉमर्स संकाय में चौथा स्थान हासिल करने वाली करियर अकादमी स्कूल की नित्या बैंकिंग सेवा में जाकर अपना भाग्य बनाना चाहती है।
वाणिज्य संकाय में 10वें स्थान पर रहने वाली रूट मॉडल पब्लिक स्कूल की छात्रा अंजलि सीए बनना चाहती हैं। सुभांगिनी जज बनकर देश की सेवा करना चाहती हैं। इसके पिता संजय गुलेरिया सरकाघाट में वकालत करते हैं।
चौंतड़ा स्कूल की तमन्ना ठाकुर ने जमा दो कला संकाय में प्रदेश में 9वां स्थान प्राप्त किया। तमन्ना के पिता जोगिंदर सिंह कारपेंटर है, माता राज कुमारी गृहिणी हैं। वह बड़े होकर आईपीएस बन देश की सेवा करना चाहती है।
सुंदरनगर के दुर्गम इलाके में स्थित सीसे स्कूल जरल की छात्रा उषा देवी शिक्षक बन दुर्गम क्षेत्र में शिक्षा की लौ जलाना चाहती हैं। जमा दो के वार्षिक परीक्षा परिणाम में राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला जसूर की छात्रा भावना सोहल ने विज्ञान संकाय में बोर्ड की मेरिट में पांचवां स्थान हासिल किया है।भावना का सपना डॉक्टर बनकर लोगों की सेवा करना है।
दयानंद आदर्श विद्या पब्लिक सीनियर सेकेंडरी स्कूल चलवाड़ा (जवाली) की छात्रा रोहानी सुपुत्री दर्शन सिंह ने जमा दो के साइंस संकाय के वार्षिक परीक्षा परिणाम में प्रदेश में दसवां स्थान हासिल किया। वह डॉक्टर बनना चाहती हैं।
सिग्मा स्कूल ऑफ साइंस के छात्र अभिषेक वर्मा बताया कि उनका लक्ष्य वेटनरी चिकित्सक बनना है। इसके लिए मेहनत करेंगे। एवीएन स्कूल नाहन की ईशिता अग्रवाल दिल्ली की डीयू में पढ़ाई करना चाहती हैं। दूसरे स्थान पर रही ईशिता सीए बनना चाहती हैं।