हिमाचल सरकार अगले सत्र से शुरू हो रहे तीन सरकारी मेडिकल कॉलेजों में विशेषज्ञ डॉक्टरों का सेवाकाल 62 साल से बढ़ाकर 65 साल करने जा रही है। हालांकि, यह डॉक्टरों की इच्छा पर निर्भर करेगा। प्रदेश सरकार ऐच्छिक आधार पर डॉक्टरों को सेवा विस्तार देगी।
नए मेडिकल कॉलेजों में फैकल्टी का प्रबंध करने के लिए सरकार ने यह फैसला लिया है। इस मसले को मंत्रिमंडल की आगामी बैठक में ले जाया जा रहा है। हिमाचल में 190-190 करोड़ की लागत से चंबा, नाहन और हमीरपुर में खोले जा रहे मेडिकल कॉलेजों में आगामी सत्र से कक्षाएं शुरू हो रही हैं।
इन कॉलेजों का काडर आईजीएमसी एवं टांडा मेडिकल कॉलेज से अलग होगा। इनका स्टाफ दूसरे कॉलेजों में ट्रांसफर नहीं हो सकेगा। प्रदेश सरकार ने एमसीआई से इन तीनों कॉलेजों में कक्षाएं शुरू करने की मंजूरी मांगी है। प्रत्येक कॉलेज में एमबीबीएस की 50-50 सीटें होंगी। स्वास्थ्य मंत्री कौल सिंह ठाकुर ने इसकी पुष्टि की है।