स्टेट सीआईडी स्वास्थ्य मंत्री कौल सिंह ठाकुर से जुड़े सीडी मामले को प्रारंभिक जांच में ही निपटाने की तैयारी में है। राज्य गुप्तचर विभाग बिना शिकायत के केस दर्ज नहीं करेगा। अभी तक न तो मंत्री की ओर से सीआईडी को कोई शिकायत मिली है और न ही कोई अन्य व्यक्ति ही शिकायत कर रहा है।
विश्वस्त सूत्रों की मानें तो कांग्रेस हाईकमान ने भी कांग्रेस नेताओं को इस मामले को बेवजह तूल नहीं देने को कहा है। एक दिन पहले मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह और कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष सुखविंद्र सिंह सुक्खू भी कांग्रेस के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष राहुल गांधी से मिले थे। राहुल गांधी ने इस मामले में दोनों नेताओं से बातचीत की थी। उन्होंने सुक्खू को कौल सिंह ठाकुर का पक्ष सुनने के बाद इस मामले की रिपोर्ट देने को कहा है।
सीआईडी की टीम दिल्ली से लौटी
दूसरी ओर सीआईडी के जांच अधिकारी भी अब इस मसले को इन्कवायरी के स्तर पर ही खत्म करने की तैयारी में है। जांच शुरू होने के एक सप्ताह बाद भी इस प्रकरण पर मामला दर्ज नहीं हो पाया। हालांकि, सीआईडी ने प्रारंभिक जांच में इस मसले पर काफी कुछ जानकारी जुटा ली है। मामले की जांच कर रहे सीआईडी के आईजी राकेश अग्रवाल ने कहा कि इस मामले में अभी शेयर करने के लायक अभी कुछ नहीं है। जांच चल रही है।
वहीं, मामले की जांच कर रही सीआईडी की टीम बुधवार को नई दिल्ली से शिमला लौट आई। इस टीम ने दिल्ली के उत्तमनगर के संभावित क्षेत्रों से सीसीटीवी फुटेज जुटाई है, जिसमें यह मालूम हो सकता है कि वहां से पार्सल किसने पोस्ट किए। ये पार्सल प्रदेश के लगभग सात दर्जन नेताओं, अधिकारियों और अन्य लोगों को जारी किए गए हैं। इन्हीं में कथित सीडी रही है, जिसमें कौल सिंह ठाकुर की आवाज बताई जाती रही है।