मई महीने में हुई पूछताछ के दौरान मुख्य अध्यापिका ने शिक्षा सचिव के समक्ष बताया था कि सितंबर 2017 में छेड़छाड़ के मामले में इसी आरोपित शिक्षक से माफीनामा भी लिखवाया गया था।
इस लापरवाही के चलते निदेशालय ने मुख्य अध्यापिका को चार्जशीट किया है। उधर, 26 अप्रैल को एक शिक्षक द्वारा 11 वर्षीय छात्रा से छेड़छाड़ करने के मामले में आरोपी शिक्षक को निदेशालय पहले ही सस्पेंड कर चुका है।
मामले की जांच में पता चला कि आरोपी शिक्षक पहले भी छात्राओं के साथ छेड़छाड़ करता रहा है। स्कूल प्रबंधन इस मामले को हमेशा रफा-दफा कर देता था। इस मामले में निदेशालय ने मुख्य अध्यापिका का मेफील्ड स्कूल से सोलन जिला में तबादला कर दिया है, लेकिन मुख्य अध्यापिका ने अभी तक पद नहीं संभाला है।