पुलिस की प्रारंभिक जांच में पता चला है कि आरोपी एक युवक ने चिट्टा खरीदने के लिए कार को गिरवी रखा था। अब पुलिस इस मामले में नशे की सप्लाई करने वाले आरोपी की पहचान करने में जुट गई है। इससे पहले भी नशा तस्करी के मामलों में सामने आ चुका है कि युवक नशे की लत को पूरा करने के लिए घरों में चोरी जैसी घटनाओं को भी अंजाम दे चुके हैं। यही नहीं शहर में कई ऐसे मामले भी सामने आ चुके हैं, जिसमें नशे की लत के कारण युवक राहगीरों से लूटपाट जैसी घटनाओं को अंजाम दे चुके हैं। ऐसा ही मामला टुटीकंडी क्षेत्र में भी सामने आ चुका है, जहां पर रात और दिन के समय पैदल चल रहे लोगों को लिफ्ट देकर लूटपाट जैसी घटनाएं सामने आ चुकी हैं।
पुलिस ने कई आरोपियों को गिरफ्तार किया था, जिन्होंने पूछताछ में नशे के लिए इस तरह की आपराधिक घटनाओं को अंजाम देने की बात कबूल की थी। पिछले दिनों शहर में छीनाझपटी के मामलों के पीछे की वजह भी नशा ही बताया जा रहा है। शिमला में चिट्टा तस्करी के नेटवर्क को तोड़ने के लिए पुलिस लगातार कड़ी कार्रवाई कर रही है। नए साल में ही जिले में नशा तस्करी के मामलों में ताबड़तोड़ कार्रवाई की जा रही है। इसमें दूसरे राज्यों के सप्लायरों को भी गिरफ्तार किया गया है।