हिमाचल प्रदेश में मौसम के अलग-अलग रंग देखने को मिल रहे हैं। चंबा जिले के चुराह उपमंडल में शनिवार शाम अचानक भारी ओलावृष्टि हुई, जिससे खेतों में खड़ी मटर की फसल को नुकसान पहुंचने की आशंका है। दूसरी ओर, जनजातीय क्षेत्रों में ठंड का प्रकोप बढ़ गया है। केलांग और कुकुमसेरी में लगातार दूसरे दिन न्यूनतम तापमान शून्य से नीचे दर्ज किया गया।
चुराह में ओलावृष्टि से खेतों पर बिछी सफेद चादर
चंबा जिले के चुराह उपमंडल में शनिवार शाम करीब चार बजे मौसम ने अचानक करवट बदली। खजुआ और सेईकोठी पंचायत के औला क्षेत्र में भारी ओलावृष्टि हुई। ओलों से खेतों में सफेद चादर बिछ गई। इससे खेतों में खड़ी मटर की फसल को नुकसान पहुंचने की आशंका जताई जा रही है। ओलावृष्टि से किसानों की चिंता बढ़ गई है।
केलांग और कुकुमसेरी में शून्य से नीचे पहुंचा तापमान
प्रदेश के जनजातीय क्षेत्रों में बीते दिनों हुई बर्फबारी के बाद ठंड बढ़ गई है। शनिवार तड़के केलांग और कुकुमसेरी में लगातार दूसरे दिन न्यूनतम तापमान शून्य से नीचे दर्ज किया गया। वहीं, ताबो में न्यूनतम तापमान गिरकर शून्य डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। इन इलाकों में रात और सुबह के समय ठंड का असर अधिक महसूस किया जा रहा है। राजधानी शिमला सहित प्रदेश के कई हिस्सों में शनिवार को धूप खिली रही, लेकिन शिमला में सुबह और शाम के समय ठंड बढ़ गई है।