विधानसभा के कई सत्रों में अपनी ही सरकार को घेरने के लिए चर्चा में रहे ज्वालामुखी से विधायक रमेश धवाला के सवाल पर बुधवार को फिर सदन में घमासान मचा। अफसरों और कर्मचारियों के सेवा विस्तार के मामले पर मुख्यमंत्री और नेता विपक्ष के बीच खूब शब्द बाण चले।
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने सरकार का बचाव करते हुए जहां कांग्रेस को कटघरे में खड़ा किया वहीं, नेता विपक्ष ने भाजपा सरकार को सेवा विस्तार को सैद्धांतिक तौर पर विरोध करने की बातें याद दिलाकर घेरा।
भाजपा विधायक रमेश धवाला ने सेवा विस्तार पर सवाल उठाते हुए कहा कि वित्तीय भार बहुत अधिक पड़ने के बावजूद सेवा विस्तार की क्या जरूरत है? इस सेवा विस्तार के चलते कई कर्मचारियों की पदोन्नतियां प्रभावित होती हैं। उन्होंने पूछा कि क्या सरकार ने सेवा विस्तार अभी भी जारी रखा है या इसे रोक दिया है।
इस पर मुख्यमंत्री ने जवाब देते हुए कहा कि पूर्व सरकार ने नियमों की अनदेखी करते हुए कांग्रेस विचारधारा वालों को सेवा विस्तार दिया। यह आंकड़ा 100-200 होता तो ज्यादा फर्क नहीं पड़ना था लेकिन कांग्रेस ने 2013 से 2017 तक 2397 कर्मचारियों को सेवा विस्तार दिए। मुख्यमंत्री के जवाब पर पलटवार करते हुए नेता विपक्ष ने भाजपा की कथनी और करनी पर सवाल उठाए।