छात्रों का चयन कई स्तर के इंटरव्यू और तकनीकी मूल्यांकन के बाद हुआ। इसमें समस्या समाधान परीक्षण, सॉफ्टवेयर इंजीनियरिंग और प्रोडक्ट डेवलपमेंट से जुड़े प्रश्न शामिल रहे। चारों विद्यार्थियों ने अपने अंतिम वर्ष में ही संबंधित कंपनियों में कार्यभार संभालना शुरू कर दिया। ट्रिपल आईटी ऊना के निदेशक प्रो. मनीष गौर ने बताया कि यह उपलब्धि संस्थान की लचीली शैक्षणिक संरचना और इंडस्ट्री-ओरिएंटेड शिक्षा प्रणाली का परिणाम है। संस्थान ने पाठ्यक्रम में पूर्ण-सेमेस्टर इंडस्ट्री इंटर्नशिप को शामिल किया है, जिसे छात्र सातवें या आठवें सेमेस्टर में पूरा कर सकते हैं।