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Himachal: ऊना के लाल सिंगी में गंदे नाले के मुहाने पर शिक्षा का मंदिर, हर पल हादसे का खौफ

Mon, 04 Aug 2025 11:28 AM IST
Krishan Singh विकास चौधरी, संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना

सार

 ऊना जिला मुख्यालय से मात्र एक किलोमीटर दूर स्थित राजकीय प्राथमिक स्कूल लाल सिंगी में विद्यार्थियों की सुरक्षा खतरे में है। 
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लाल सिंगी में गंदे नाले के मुहाने पर शिक्षा का मंदिर। - फोटो : संवाद
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विस्तार
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हिमाचल प्रदेश के ऊना जिला मुख्यालय से मात्र एक किलोमीटर दूर स्थित राजकीय प्राथमिक स्कूल लाल सिंगी में विद्यार्थियों की सुरक्षा खतरे में है। स्कूल भवन से सटे गंदे नाले ने स्कूल प्रशासन, बच्चों और अभिभावकों की चिंता बढ़ा दी है। पुरानी होशियारपुर सड़क के किनारे स्थित इस स्कूल तक पहुंचने के लिए बच्चों को एक गंदे नाले के ऊपर बने दो अस्थायी स्लैब से होकर गुजरना पड़ता है। जहां एक ओर रेलिंग मौजूद है, वहीं दूसरी ओर कोई सुरक्षा व्यवस्था नहीं है। ऐसे में खासकर छोटे बच्चों के लिए यह मार्ग हादसों को न्योता दे रहा है।

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नाले में हमेशा 3 से 4 फीट तक गंदा पानी भरा रहता है, जो बरसात में बढ़ जाता है। हाल ही में हुई बारिश के बाद नाले का पानी स्कूल परिसर में घुस गया। हालांकि, लोक निर्माण विभाग की टीम ने तत्काल सफाई कर दी, लेकिन कुछ ही दिनों में नाला फिर से जाम हो गया। सड़क और नाले की ऊंचाई स्कूल परिसर से लगभग चार फीट अधिक है। जैसे ही नाला भरता है, पानी सीधे स्कूल में प्रवेश कर जाता है। नाले पर बनी स्लैब पर लकड़ियां और अन्य सामान रखा जा रहा है, जिससे जल प्रवाह और अधिक बाधित होता है। 
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प्रबंधन ने किए प्रयास, लेकिन समस्या बरकरार
स्कूल प्रबंधन ने अपने स्तर पर जलभराव से निपटने के लिए परिसर में एक गड्ढा बनवाया है, जिससे अतिरिक्त पानी उसमें डाला जा सके, परंतु यह समाधान अस्थायी है। स्कूल का निर्माण वर्ष 2003 में हुआ था। वर्तमान में यहां 277 विद्यार्थी (235 प्राथमिक व 42 नर्सरी) अध्ययनरत हैं। स्कूल के आसपास मजदूरों की बस्तियां हैं, इसलिए अधिकांश विद्यार्थी उनके परिवारों से हैं। स्कूल में 6 अध्यापक सेवाएं दे रहे हैं। मुख्य अध्यापिका ने कहा कि भवन की स्थिति संतोषजनक है।

स्कूल भवन पहले बना, जबकि सड़क और नाले का निर्माण बाद में हुआ। पानी के ओवरफ्लो की समस्या के स्थायी समाधान को लेकर विभागीय प्रयास जारी हैं। - सोमलाल धीमान, जिला प्रारंभिक शिक्षा उपनिदेशक

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