निदेशालय की ओर से तैयार प्रक्रिया के तहत विज्ञान संकाय के रिक्त पदों के लिए पात्र और मेरिट में शामिल सेवारत शिक्षकों की काउंसलिंग की जाएगी। काउंसलिंग के दौरान उपलब्ध रिक्तियों के आधार पर शिक्षकों को संबंधित स्कूलों में सेवाएं देने का अवसर मिलेगा। चयन परीक्षा और स्क्रीनिंग प्रक्रिया में मेरिट में आए शिक्षकों को रिक्त पदों वाले स्कूलों के विकल्प दिए जाएंगे। जो शिक्षक मेरिट में आगे होंगे, उनके पास स्कूलों के अधिक विकल्प रहेंगे। प्रदेश में विभिन्न विषयों के 5623 शिक्षक लंबे समय से पसंदीदा सीबीएसई स्कूलों में तैनाती का इंतजार कर रहे हैं। मार्च से नियुक्ति प्रक्रिया चल रही है, लेकिन इन-सर्विस शिक्षकों की काउंसलिंग रुकी हुई है। शुक्रवार को इस मामले की हाईकोर्ट में सुनवाई भी होनी है।