कालका-शिमला एनएच पर कुमारहट्टी के समीप शनिवार सुबह आठ बजे से लेकर दोपहर बाद तक खील का मोड़ से लेकर धर्मपुर तक पांच किलोमीटर लंबा जाम लगा रहा। दोपहर बाद जाम बहाल किया गया है। पुलियां डालने के लिए फोरलेन कंपनी की ओर से एक तरफ के मार्ग को बंद किया गया था। वाहनों की आवाजाही वन वे से की जा रही थी, जिससे परेशानी हुई।
शनिवार सुबह मंडी-कुल्लू एनएच पर बिंद्रावणी के समीप पहाड़ी से भारी भूस्खलन होने से मार्ग एक घंटे तक बंद रहा। धर्मपुर-सरकाघाट मार्ग भी भूस्खलन और पेड़ गिरने से जगह-जगह बाधित रहा। इस दौरान एनएच पर दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लगी रहीं। सैलानियों को परेशानी का सामना करना पड़ा। राजधानी शिमला में लगातार दूसरे दिन शनिवार को भी भारी बारिश हुई। शहर में कई जगह पेड़ों के गिरने से बिजली की तारें टूट गईं। इससे कुछ क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति बाधित रही।
निकास नालियां अवरुद्ध होने से सारा पानी सड़कों पर बहने से लोगों को भारी परेशानी हुई। भूस्खलन से जिला कुल्लू में करीब दो दर्जन सड़कें प्रभावित रहीं। शहर की सड़कें पानी से लबालब हो गईं। धर्मशाला सहित कांगड़ा जिले में दिन भर रिमझिम बारिश जारी रही।
चंबा जिला में शनिवार सुबह हुई बारिश से एक दर्जन मार्गों पर वाहनों की आवाजाही प्रभावित हुई। शनिवार को ऊना में अधिकतम तापमान 29.4, सुंदरनगर में 26.8, हमीरपुर में 26.7, बिलासपुर में 26.5, नाहन में 26.6, चंबा में 24.4, कांगड़ा में 25.2, धर्मशाला में 21.2, शिमला में 20.8, केलांग में 18.0, डलहौजी में 16.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ।
क्षेत्र बारिश (मिलीमीटर में)
सुजानपुर टीहरा 120
नादौन 89
बैजनाथ 75
डलहौजी 70
धर्मशाला 62
शिमला 60
मंडी 51
हमीरपुर 41