सरकार ने एक सोने के कारोबारी का साढ़े पांच करोड़ का टैक्स माफ कर दिया है। कारोबारी प्रभात चौधरी की हिमाचल के हमीरपुर जिले के नादौन में रिफाइनरी है, जिसमें विदेश से आने वाला कच्चा माल तैयार होता है।
वर्ष 2013 से कारोबारी ने कच्चे माल की आवक पर गुड्स एंट्री टैक्स का बकाया नहीं भरा था। 22 अगस्त को हुई कैबिनेट में आबकारी एवं कराधान विभाग ने टैक्स माफ करने का प्रस्ताव लाकर राहत दे दी।
चौधरी नादौन विधानसभा क्षेत्र से कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष सुखविंदर सिंह सुक्खू के खिलाफ दो बार निर्दलीय चुनाव भी लड़ चुके हैं। कारोबार ने विभाग को दलील दी थी कि देश के किसी भी राज्य में सोने के कच्चे माल पर कोई एंट्री टैक्स नहीं है। इसी को आधार बनाकर सरकार ने टैक्स माफ कर दिया।
तो इसलिए कर दिया टैक्स माफ
आबकारी एवं कराधान मंत्री प्रकाश चौधरी ने बताया कि प्रदेश में दो गोल्ड की रिफाइनरी हैं, जिसमें एक परवाणु और दूसरी नादौन में है। नादौन के सोना व्यापारी ने एंट्री टैक्स में माफी के लिए विभाग को आवेदन किया था, जबकि परवाणु वाली फर्म रिफाइनरी बंद कर चुकी है।
नादौन के व्यापारी ने दलील दी थी कि जब प्रदेश में कोई भी राज्य गोल्ड रिफाइनरी के लिए आने वाले कच्चे माल पर एंट्री टैक्स नहीं लगाता तो उन्हें भी राहत दी जाए। विभाग ने अन्य राज्यों से भी इसकी पुष्टि करने के बाद पाया कि कहीं भी यह टैक्स प्रभावी नहीं है।
सुक्खू के खिलाफ लड़ चुके हैं चुनाव
परवाणु वाली फर्म का वर्ष 2011 से बकाया था जबकि नादौन वाली फर्म का 2013 से बकाया था। कैबिनेट ने इस विषय पर विचार विमर्श करने के बाद उसे टैक्स छूट दे दी है। परवाणु वाली फर्म को भी राहत दी जाएगी यदि वे आवेदन करते हैं। जीएसटी आने के बाद यह टैक्स समाप्त हो गया है।
इस संबंध में रिफाइनरी मालिक प्रभात चौधरी ने बताया कि उन्होंने सरकार को एंट्री टैक्स की वस्तुस्थिति से अवगत करवाया था। जब किसी भी राज्य में टैक्स प्रभावी नहीं है तो उन्हें भी राहत दी जाए। चौधरी की राजनीतिक पृष्ठभूमि भी रही है। उन्होंने बताया कि दो बार वे नादौन से निर्दलीय चुनाव भी लड़ चुके हैं। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष सुक्खू भी इसी सीट से चुनाव लड़ते हैं।