हिमाचल प्रदेश पेंशनर कल्याण संघ ने बुधवार को कुल्लू के देवसदन में राज्य स्तरीय पेंशनर स्थापना दिवस मनाया। इस मौके पर पेंशनर संघ के प्रदेश अध्यक्ष केएस जसवाल बतौर मुख्यातिथि उपस्थित हुए। कार्यक्रम में सभी जिलों के अध्यक्ष, सचिव, वित्त सचिव और पेंशनरों ने भाग लिया।
समारोह से पहले दिवंगत पेंशनरों के सम्मान में मौन रख कर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। इससे पहले प्रदेश भर से आए पेंशनरों ने ढालपुर में एकत्रित होकर जुलूस निकालकर नारे लगाते हुए आयोजन स्थल पहुंचकर शक्ति-प्रदर्शन किया। बाद में यहां सात प्रस्ताव पारित किए गए। इसमें कुछ स्वयंभू नेताओं के अलग से कार्यक्रम करने की कड़ी निंदा की और सरकार को गुमराह करने का आरोप लगाया।
पेंशनर कल्याण संघ ने ये रखीं मांगें
मुख्यमंत्री से पेंशन वृद्धि को लेकर की घोषणा को जल्द लागू करने की मांग के साथ जनवरी 2006 से पूर्व सेवानिवृत्त हुए पेंशनरों को केंद्र सरकार की पद्धति पर लाने और पूरी पेंशन का लाभ देने, करुणामूलक आधार पर आश्रितों को नौकरी देकर सभी लंबित मामलों को उच्च न्यायालय के निर्णय के तहत लाभ देने, मुख्यमंत्री से एचआरटीसी के पेंशनरों की दो माह की पेंशन के लिए 20 करोड़ देने, बिजली को दरों को न बढ़ाने की मांग के साथ पेयजल की बढ़ाई गई 10 फीसदी दरों को सरकार से वापस लेने की गुहार लगाई है।
इस मौके पर प्रदेश महासचिव टीडी ठाकुर, राज्य कोषाध्यक्ष एसके पठानिया, वरिष्ठ उपाध्यक्ष पूर्ण देव शर्मा, सुरेश वर्मा, सुदेश सूद, मुख्य सलाहकार कुलदीप कटोच, मुख्य संरक्षक पीएन टांगरा, ओपी भारद्वाज, उपाध्यक्ष गिरजा गौतम, सचिव अशोक शर्मा, सुरेश ठाकुर, मोहर सिंह, राम स्वरूप शर्मा, ललित कुमार, जयनंद शर्मा, किशनू राम ठाकुर, प्रेम चंद, देवी सिंह कपूर, प्रभु राम वर्मा, देवी सिंह तथा सहज राम ठाकुर आदि उपस्थित रहे।