दिवाली पर वायु और ध्वनि प्रदूषण कम करने का बच्चों को विशेष पाठ पढ़ाया जाएगा। इस सप्ताह ऑनलाइन पढ़ाई के दौरान विद्यार्थियों को विशेष तौर पर शिक्षकों की ओर से जागरूक किया जाएगा। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की अपील पर उच्च शिक्षा निदेशालय ने यह फैसला लिया है। साइलेंस जोन में पटाखे न चलाने की भी विद्यार्थियों को जानकारी दी जाएगी।
उच्च शिक्षा निदेशक डॉ. अमरजीत कुमार शर्मा ने बताया कि बच्चों को जागरूक करने से समाज का अधिकांश हिस्सा जागरूक होता है। बच्चे अपने परिवार, रिश्तेदारों और आस-पड़ोस को जागरूक करेंगे। इस प्रयास से वायु और ध्वनि प्रदूषण करने में काफी मदद मिलेगी। सोमवार से शुक्रवार तक ऑनलाइन पढ़ाई के दौरान विद्यार्थियों को वायु और ध्वनि प्रदूषण के नुकसान से अवगत करवाया जाएगा। व्हाट्सएप के माध्यम से डिजिटल शिक्षण सामग्री भेजी जाएगी।
प्रशासन की ओर से तय किए गए साइलेंस जोन जैसे अस्पताल, कोविड केयर सेंटरों के आसपास विशेष तौर पर पटाखे न चलाने की बच्चों से अपील की जाएगी। दीपों के इस उत्सव को हर्षोल्लास से मनाने के तरीके भी बताए जाएंगे। आतिशबाजी का कम से कम प्रयोग करने को लेकर बच्चों को जागरूक किया जाएगा। इस विशेष प्रयास में शिक्षा विभाग की प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड मदद करेगा। बोर्ड की ओर से भी प्रदेश धभर में इस बाबत जागरूकता कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं।