कोरोना महामारी के कारण जहां मंदिर बंद हैं, वहीं लोगों ने सावन माह के ज्येष्ठ सोमवार को शिव जलाभिषेक के लिए घरों में ही मिट्टी के शिवलिंग बनाए और पूजा-अर्चना की। इस दौरान लोगों खासकर महिलाओं व युवतियों ने मिट्टी के इन शिवलिंग पर दूध, जल, बिलपत्र, फूल आदि चढ़ाए। हालांकि, ग्रामीण क्षेत्रों में जहां मंदिर हैं और उनका संचालन ग्रामीण या आसपास की कमेटी स्वयं करती है, उनमें से कई मंदिर पूजा के लिए खुले रहे। जिले के अन्य भागों में जहां मंदिर नहीं हैं या जलाभिषेक के लिए बड़े मंदिरों में लोग जाते हैं, वहां पर लोगों ने घरों में ही मिट्टी के शिवलिंग बनाए और शिव भगवान की पूजा की।