जवाहर लाल नेहरू इंजीनियरिंग कॉलेज
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हिमाचल के विद्यार्थियों को अब एमटेक की पढ़ाई के लिए बाहरी राज्यों का रुख नहीं करना पड़ेगा। हिमाचल के इतिहास में पहली एमटेक की कक्षाएं अब सुंदरनगर स्थित जवाहर लाल नेहरू इंजीनियरिंग कॉलेज (जेएनजीईसी) में लगेंगी। तकनीकी शिक्षा विभाग ने इसका प्रपोजल तैयार कर सरकार को भेजा है। हालांकि, शुरुआती दौर में वित्त विभाग ने इसमें कुछ गलतियां उठाईं थीं, लेकिन विभाग ने सभी गलतियों को सुधार कर इसे फिर से सरकार को प्रेषित कर दिया है।
सब ठीक रहा तो अगले शैक्षणिक सत्र से एमटेक की कक्षाएं सुंदरनगर में लगनी शुरू हो जाएंगी। एमटेक सिविल इंजीनियरिंग में होगी। साथ ही जेएनजीईसी में ही बीटेक में कंप्यूटर साइंस विद सिविल इंजीनियरिंग और स्पेशिलाइेशन विद आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की कक्षाएं भी शुरू होंगी। इससे पहले हिमाचल के विद्यार्थियों को एमटेक की पढ़ाई के लिए पंजाब और अन्य साथ लगते राज्यों में जाना पड़ता था। अब उन्हें यह सुविधा करीब 52 सालों में पहली बार सुंदरनगर में उपलब्ध होगी।
तकनीकी शिक्षा मंत्री डॉ. रामलाल मारकंडा ने सुंदरनगर स्थित लोक निर्माण विभाग के विश्राम गृह में प्रेस के साथ बातचीत में बताया कि हिमाचल प्रदेश के इतिहास में 52 वर्षों में पहली बार विद्यार्थियों को एमटेक की पढ़ाई की सुविधा मिलेगी। पहले विद्यार्थियों को एमटेक के लिए बाहरी राज्यों में जाना पड़ता था। साथ ही बीटेक में भी दो नए विषय शुरू किए गए हैं। प्रयास है कि अगले शैक्षणिक सत्र तक एमटेक की कक्षाएं शुरू हो जाएं।
आईटीआई छात्रों के लिए लगेंगे रोजगार मेले
हिमाचल में अब विभिन्न विषयों में आईटीआई पास विद्यार्थियों को रोजगार मुहैया करवाने के लिए रोजगार मेले आयोजित किए जाएंगे। रोजगार मेले सभी जिलों में होंगे। इनके माध्यम आईटीआई पास विद्यार्थियों को नौकरी के अवसर दिए जाएंगे। इसका उद्देश्य है कि प्रदेश के विद्यार्थी अधिक से अधिक संख्या में पढ़ाई के लिए आईटीआई में प्रवेश लें।