स्टाफ की खोजबीन में आजकल चार मंत्री खूब माथापच्ची कर रहे हैं। इनके कार्यालयों में निजी सचिवों और सहायकों के दो से तीन पद रिक्त रखे गए हैं। बताते हैं कि ऐसे कर्मचारियों को ढूंढा जा रहा है, जिनका कनेक्शन आरएसएस, एबीवीपी आदि से रहा है।
सरकार बने हुए एक महीना होने लगा है। बावजूद इसके मंत्रियों के कार्यालयों के साथ कई कुर्सियां खाली पड़ी हैं। शिमला संसदीय क्षेत्र से संबंधित एक मंत्री के कार्यालय में एक निजी सचिव की नियुक्ति कर ली गई है।
ये निजी सचिव पूर्व वीरभद्र सरकार में मुख्यमंत्री के साथ भी नियुक्त रहे हैं, मगर मंत्री के कार्यालय में तीन पद एक अनुभाग अधिकारी, एक निजी सचिव और एक सहायक का खाली रखा गया है।