हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय ने प्रदेश सरकार से पूछा है कि नए जेल मैनुअल को कितने समय मे अंतिम रूप दिया जाएगा। इस बाबत सरकार को शपथ पत्र दाखिल करने के आदेश जारी किए गए हैं। मुख्य न्यायाधीश मोहम्मद रफीक और न्यायाधीश ज्योत्स्ना रिवाल दुआ की खंडपीठ ने राज्य सरकार से यह भी पूछा है कि नालागढ़, कुल्लू, मंडी और सोलन जिले में जेलों के नए भवनों का शेष निर्माण कार्य कितना समय में पूरा होगा और जेलों में कर्मचारियों की कुल रिक्तियां को कितनी अवधि में भरा जाएगा। कोर्ट ने कम से कम एक महिला स्त्री रोग विशेषज्ञ की नजदीक के अस्पतालों से सेंट्रल जेल कंडा में तैनाती सुनिश्चित करने को कहा है। कैदियों के कल्याण के लिए अन्य राज्यों की तर्ज पर केंद्रीय जेलों में तेल की खुदरा दुकानों को आवंटित करने और कैदियों की ओर से निर्मित उत्पाद की बिक्री पर कर में छूट देने पर विचार करने के लिए भी कहा।
प्रतिवादी इस बाबत विशिष्ट रिपोर्ट दे कि क्या की विचाराधीन कैदियों के रूप में बंद माताओं के बच्चों की सुविधा के लिए क्रेच प्रदान किया जा सकता है। राज्य की विभिन्न जेलों में बंद कैदियों के मनोरंजनऔर खेल गतिविधियां के लिए आवश्यक धन उपलब्ध करने पर विचार करने के लिए कहा गया है। मामले की अगली तारीख पर कैदियों को दिए जाने वाले नाश्ते, दोपहर और रात के भोजन के मेन्यू को पेश करने को भी कहा गया है। इस बीच सभी कैदियों को प्रत्येक रविवार को कोई एक मीठी वस्तु मुहैया करवाने के आदेश जारी किए गए हैं। मामले पर अगली सुनवाई पांच मई को होगी।